आगरमालवाः स्वामित्व अधिकार योजना के लिए जिले का पायलेट प्रोजेक्ट के रूप में चयन
आगरमालवा, 09 सितंबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश में स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन-2026 आगामी 17 सितम्बर से प्रांरभ होगा। उक्त योजना के सफल क्रियान्वयन हेतु एमपी एसईडीसी द्वारा एमपी ई-सेवा, सारा एवं सम्पदा मोबाइल एप्लीकेशन तैयार की गई है। योजना के तहत आगरमालवा जिले का चयन पायलेट प्रोजेक्ट के रूप में किया गया है।
अपर कलेक्टर डॉ शालिनी श्रीवास्तव ने बुधवार को बताया कि प्रथम चरण में जिले की चयनित 10 ग्राम पंचायतों में प्रत्येक सप्ताह 03 दिवसीय शिविर पंचायत स्तर पर आयोजित किये जायेंगे, जिनमें शिवगढ़, महुडिया, भीमाखेड़ी, निपानिया हनुमान, गैलाना, खनोटा, देहरी गुर्जर, करकड़िया, अमरकोट आदि पंचायतों के 19 ग्रामों के 2135 निजी प्लॉट के अधिकार अभिलेखों का निष्पादन एवं पंजीयन किया जायेगा। इसमें सर्वाधिक 335 प्लॉट ग्राम निपानिया हनुमान तथा सबसे कम 10 प्लॉट ग्राम त्रिलोकपुरा में है।
तहसीलवार जानकारी अनुसार आगरमालवा में 374, बड़ौद में 663, सुसनेर में 493, नलखेड़ा में 357 एवं सोयतकलां में 248 निजी प्लॉट की जानकारी प्राप्त हुई है। योजना के सफल क्रियान्वयन हेतु जिले के समस्त तहसीलदार, नायब तहसीलदार, राजस्व निरीक्षक एवं पटवारियों को मास्टर ट्रेनर द्वारा प्रशिक्षण दिया जाएगा।
अपर कलेक्टर डॉ शालिनी श्रीवास्तव ने बताया कि योजना के तहत जिले में ग्राम पंचायत स्तर पर साप्ताहिक शिविर आयोजित किये जा रहे हैं। शिविर स्थलों पर वाई-फाई इंटरनेट, विद्युत व्यवस्था, पेयजल सहित समस्त आवश्यक सुविधाएं ग्राम पंचायत द्वारा सुनिश्चित की जायेंगी। शिविरों के निरीक्षण एवं पर्यवेक्षण हेतु जिला स्तर पर डिप्टी कलेक्टर सुश्री अर्पिता राय को निरीक्षण अधिकारी नियुक्त किया गया है। योजना का ग्रामसभा के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार कर समस्त सक्षम अधिकारियों का एचएसएम पोर्टल पर ऑनबोर्डिंग निर्धारित समय-सीमा में सुनिश्चित करने के निर्देश दिये गये हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / रितेश शर्मा

