भोपाल: शिक्षक भर्ती को लेकर प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों के बीच पहुंचे दिग्विजय सिंह, भूख हड़ताल की दी चेतावनी

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भोपाल: शिक्षक भर्ती को लेकर प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों के बीच पहुंचे दिग्विजय सिंह, भूख हड़ताल की दी चेतावनी


दिग्विजय सिंह बोले- मांगें नहीं मानीं तो शिक्षक दिवस से करूंगा 24 घंटे की भूख हड़ताल

भोपाल, 26 अगस्त (हि.स.) । मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के नीलम पार्क में पदवृद्धि और रिक्त पदों पर भर्ती की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे शिक्षक भर्ती-2025 के अभ्यर्थियों को पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह का समर्थन मिला है। बुधवार को प्रदर्शन स्थल पहुंचे दिग्विजय सिंह ने अभ्यर्थियों की मांगों को जायज ठहराते हुए घोषणा की कि यदि सरकार ने जल्द समाधान नहीं निकाला, तो वे शिक्षक दिवस से 24 घंटे की भूख हड़ताल करेंगे। अभ्यर्थियों के इस आंदोलन का नीलम पार्क में लगातार छठवां दिन है।

भोपाल के नीलम पार्क में वर्ग-2 माध्यमिक और वर्ग-3 प्राथमिक शिक्षक भर्ती-2025 में पदवृद्धि की मांग को लेकर अभ्यर्थियों का अनिश्चितकालीन धरना जारी है। बुधवार को मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह पूर्व मंत्री पीसी शर्मा के साथ अभ्यर्थियों के बीच पहुंचे। उन्होंने अभ्यर्थियों से बातचीत कर उनकी मांगों का समर्थन किया। इस दौरान आंदोलन में शामिल महिला अभ्यर्थियों ने दिग्विजय सिंह को राखी भी बांधी।

प्रदर्शन को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने अपने कार्यकाल का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि उनके शासनकाल में शिक्षा और स्वास्थ्य हमेशा प्राथमिकता रहे और करीब 45 हजार नए स्कूल खोलकर भर्ती का अधिकार स्थानीय स्तर पर दिया गया था ताकि ग्रामीण युवाओं को रोजगार मिले। वर्तमान सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि सिलेबस में अचानक बदलाव का नुकसान वर्षों से पढ़ा रहे शिक्षकों को हो रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि सरकार रिक्त पदों पर जल्द भर्ती क्यों नहीं कर रही है।

दिग्विजय सिंह ने भाजपा और आरएसएस पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि सरकार शिक्षा व रोजगार के स्थान पर राजनीतिक और धार्मिक मुद्दों को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने राम मंदिर चंदे को लेकर भी भ्रष्टाचार के आरोप लगाए। अपनी 80 वर्ष की उम्र का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वे युवाओं के हक के लिए खुद को आज भी नौजवान मानते हैं और यदि सरकार ने मांगें पूरी नहीं कीं, तो वे स्वयं शिक्षक दिवस पर 24 घंटे की भूख हड़ताल पर बैठेंगे।

गौरतलब है कि प्रदेशभर से आए अभ्यर्थियों ने 21 अगस्त को डीपीआई के समक्ष बड़ा प्रदर्शन किया था, जिसके बाद से वे नीलम पार्क में अनिश्चितकालीन धरने पर हैं। एक दिन पहले अनशन पर बैठे अभ्यर्थी नरेंद्र राजपूत की तबीयत अचानक ज्यादा बिगड़ने के बाद अन्य अभ्यर्थियों ने भूख हड़ताल शुरू कर दी है। अभ्यर्थियों का कहना है कि वे नवंबर 2025 से जुलाई 2026 तक विभिन्न चरणों में आंदोलन कर चुके हैं, लेकिन सरकार की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।

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हिन्दुस्थान समाचार / उम्मेद सिंह रावत

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