सिवनीः करके सीखने की मिसाल बनी जिला स्तरीय विज्ञान व पर्यावरण प्रदर्शनी

WhatsApp Channel Join Now
सिवनीः करके सीखने की मिसाल बनी जिला स्तरीय विज्ञान व पर्यावरण प्रदर्शनी


जिला स्तरीय विज्ञान, गणित व पर्यावरण प्रदर्शनी में छात्रों की नवाचारी प्रतिभा का प्रदर्शन

सिवनी, 15 जनवरी(हि.स.)। अपने आसपास के परिवेश एवं पर्यावरण में उत्पन्न समस्याओं को पहचानकर उनके समाधान की दिशा में सोच विकसित करना ही वैज्ञानिक दृष्टिकोण का आधार है। बच्चों को घर, पर्यावरण एवं दैनिक जीवन में उपयोग होने वाले उपकरणों के कार्य सिद्धांतों की जानकारी होना आवश्यक है, जिससे उनमें करके सीखने की प्रवृत्ति एवं जिज्ञासा का विकास होता है। यह बात मध्यप्रदेश के सिवनी जिले के कलेक्टर शीतला पटले ने गुरुवार शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय, भैरोगंज सिवनी में जिला स्तरीय विज्ञान, गणित, पर्यावरण एवं सामाजिक विज्ञान प्रदर्शनी का आयोजन कार्यक्रम में कही।

उन्होनें बच्चों द्वारा बनाए गए मॉडलों एवं उनके नवाचारी प्रयासों की सराहना करते हुए प्रसन्नता व्यक्त की। शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय भैरोगज के प्राचार्य महेश गौतम ने गुरूवार को जानकारी दी प्रदर्शनी में विकासखंड स्तर से चयनित 123 प्रतिभागी छात्र-छात्राओं ने विज्ञान मॉडल, एकल पर्यावरण गीत, लघु नाटिका, प्रश्न मंच एवं विचार संगोष्ठी जैसी विभिन्न विधाओं में अपने नवाचारी विचारों का प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों ने अपने-अपने मार्गदर्शी शिक्षकों के साथ सहभागिता की।

कार्यक्रम के दौरान सिवनी कलेक्टर शीतला पटले, सहायक संचालक आर.पी. पाटिल, प्राचार्य उत्कृष्ट विद्यालय गहेश गौतम, जिला परियोजना समन्वयक महेश बघेल एवं विषय विशेषज्ञ निर्णायक दल द्वारा प्रत्येक मॉडल एवं विधा का अवलोकन किया गया। अधिकारियों ने विद्यार्थियों से मॉडलों की उपयोगिता एवं कार्यप्रणाली की जानकारी ली।

उल्लेखनीय है कि जिला स्तर से प्रत्येक विधा में 02-02 विद्यार्थियों का चयन जोन स्तर की प्रतियोगिता हेतु किया जाएगा, जो जबलपुर में आयोजित प्रतियोगिता में सहभागिता करेंगे। वहीं विचार संगोष्ठी के लिए 01 छात्र एवं उनके मार्गदर्शी शिक्षक का चयन जोन स्तर के लिए किया जाएगा।

हिन्दुस्थान समाचार / रवि सनोदिया

Share this story