दमोह: पहली जनसुनवाई में एक्शन मोड में दिखे कलेक्टर, नगरीय अव्यवस्थाओं पर सख्ती
दमोह, 21 अप्रैल (हि.स.)। मध्य प्रदेश के दमोह जिला मुख्यालय स्थित संयुक्त कलेक्टर भवन के सभाकक्ष में मंगलवार को आयोजित साप्ताहिक जनसुनवाई में नवागत कलेक्टर प्रताप नारायण यादव सख्त और सक्रिय अंदाज में नजर आए। अपने कार्यकाल की पहली जनसुनवाई में उन्होंने आमजन की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए।
सुबह से ही जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे। राजस्व, नगरीय निकाय, पेंशन, सीमांकन, अतिक्रमण, पेयजल, सफाई व्यवस्था और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े मामलों को लेकर लंबी कतारें देखने को मिलीं।
जनसुनवाई की विशेष बात यह रही कि लगभग सभी विभागों के प्रमुख अधिकारी मौजूद रहे। हालांकि, अधिकारियों की उपस्थिति के कारण कई विभागीय कार्यालयों में सामान्य कामकाज प्रभावित रहा।
जनसुनवाई में सबसे अधिक शिकायतें नगर पालिका से संबंधित सामने आईं। लोगों ने नालियों पर अतिक्रमण, सफाई व्यवस्था में लापरवाही और पेयजल संकट को लेकर नाराजगी जताई।
इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) की अनुपस्थिति पर नाराजगी व्यक्त की। बैठक के दौरान उन्होंने सीएमओ के बारे में जानकारी ली, जिसके बाद सीएमओ राजेंद्र लोधी तत्काल जनसुनवाई में पहुंचे।
मीडिया से चर्चा करते हुए कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कहा कि यदि प्रशासन संवेदनशील नहीं है और जनता को न्याय मिलने का भरोसा नहीं है, तो जनसुनवाई का कोई अर्थ नहीं रह जाता। उन्होंने कहा कि हर आवेदक समाधान की उम्मीद लेकर आता है और प्रशासन का दायित्व है कि समय पर समस्याओं का निराकरण हो।
कलेक्टर ने कहा कि बड़ी संख्या में ऐसी समस्याएं सामने आईं, जिनका समाधान ग्राम पंचायत, तहसील या अनुभाग स्तर पर ही किया जा सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि छोटी-छोटी समस्याओं के लिए लोगों को जिला मुख्यालय तक न आना पड़े, यह प्रशासन की प्राथमिकता होगी।
उन्होंने सभी विभागों को निर्देश दिए कि प्राप्त आवेदनों पर गंभीरता से कार्रवाई कर तय समय-सीमा में समाधान सुनिश्चित किया जाए। सीमांकन, बंटवारा, अतिक्रमण हटाने और पेंशन से जुड़े मामलों को प्राथमिकता देने के निर्देश भी दिए गए।
प्रशासन अब स्थानीय स्तर पर शिविर लगाकर समस्याओं के समाधान की तैयारी कर रहा है। कलेक्टर ने संकेत दिए कि जल्द ही राजस्व अधिकारियों की बैठक लेकर उन्हें अपने-अपने क्षेत्रों में कैंप आयोजित करने के निर्देश दिए जाएंगे। कार्यक्रम में एडीएम मीना मसराम, जनसंपर्क अधिकारी वाय. ए. कुरैशी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / हंसा वैष्णव

