भोपाल : बड़ा तालाब के किनारे अतिक्रमण पर प्रशासन ने की कार्रवाई, जेसीबी से ध्वस्त किए कई पक्के निर्माण
- 15 दिन में हटेंगे 347 अतिक्रमण
भोपाल, 13 अप्रैल (हि.स.) । राजधानी भोपाल के बड़ा तालाब को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए जिला प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे अभियान के तहत सोमवार को भी कार्रवाई की गई। टीटी नगर एसडीएम सर्कल की टीम सेवनिया और गौरा गांव पहुंची, जहां तालाब की सीमा में बने बाउंड्रीवॉल सहित कई पक्के निर्माणों को जेसीबी से ध्वस्त किया गया।
यह कार्रवाई एसडीएम अर्चना शर्मा और तहसीलदार कुणाल रावत के निर्देशन में की गई। मौके पर किसी भी विवाद की स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल भी तैनात रहा। दोपहर तक चली इस कार्रवाई में आधा दर्जन से अधिक अतिक्रमण हटाए गए। बता दें कि प्रशासन ने पहले ही तालाब के आसपास कुल 347 अतिक्रमण चिन्हित किए हैं, जिन्हें अगले 15 दिनों में हटाने का लक्ष्य रखा गया है। अधिकारियों के अनुसार, 16 मार्च 2022 को लागू भोज वेटलैंड नियमों के बाद बने सभी निर्माण हटाए जाएंगे। साथ ही, बड़ा तालाब के फुल टैंक लेवल (एफटीएल) से 50 मीटर के दायरे में आने वाले अतिक्रमणों पर विशेष रूप से कार्रवाई की जा रही है।
पिछले दो महीनों से जिला प्रशासन अतिक्रमण की पहचान में जुटा था। इस दौरान गौरा गांव और बिसनखेड़ी में सबसे ज्यादा अवैध कब्जे सामने आए, जबकि बैरागढ़ और बहेटा क्षेत्र में भी तालाब की सीमा पर बड़े पैमाने पर निर्माण किए गए हैं।
आगामी कार्रवाई का शेड्यूल
15-16 अप्रैल: बैरागढ़ - मकान और मैरिज गार्डन पर कार्रवाई
17 अप्रैल: हुजूर तहसील - सरकारी भूमि से कब्जे हटेंगे
18-19 अप्रैल: टीटी नगर - शेष अतिक्रमण हटाए जाएंगे
20 अप्रैल: बैरागढ़ - बचा हुआ अतिक्रमण हटेगा
21 अप्रैल: हुजूर तहसील - अंतिम चरण की कार्रवाई
टीटी नगर एसडीएम सर्कल के अंतर्गत आने वाले गांवों में सबसे अधिक अतिक्रमण दर्ज किए गए हैं। इसके अलावा, वन विहार नेशनल पार्क क्षेत्र में सीमांकन के दौरान करीब 2.5 किलोमीटर में 100 से ज्यादा पिलर लगाए जाने की जानकारी भी सामने आई है।
हिन्दुस्थान समाचार / उम्मेद सिंह रावत

