अनूपपुर: उपार्जन केन्द्रों में बारिश से धान की सुरक्षा हेतु किए जाएं आवश्यक प्रबंध-प्रभारी कलेक्टर
अनूपपुर, 05 जनवरी (हि.स.)। जिले के समस्त अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को निर्देशित किया है कि वर्तमान मौसम की स्थिति को दृष्टिगत रखते हुए सभी उपार्जन केन्द्रों में तिरपाल एवं जल निकासी की समुचित व्यवस्था की जाए, ताकि बारिश की स्थिति में उपार्जित धान सुरक्षित रहे तथा किसी प्रकार की क्षति न हो। उपार्जन केन्द्रों पर धान को पूर्णतः तिरपाल से ढंककर रखा जाए एवं केन्द्रों पर नाली व जल निकासी की बेहतर व्यवस्था की जाए। उपार्जन केन्द्रों का नियमित भ्रमण कर वहां की व्यवस्थाओं एवं सुविधाओं की सतत निगरानी रखी जाए। साथ ही उपार्जित धान का परिवहन प्राथमिकता के आधार पर गंभीरता से कराया जाए। उपार्जन केन्द्र में कृषकों के लिए बैठक व्यवस्था, पेयजल सहित अन्य विभिन्न मूलभूत सुविधाओं का भी विशेष ध्यान दिया जाए। यह निर्देश सोमवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय के नर्मदा सभागार में आयोजित समय-सीमा पत्रों की समीक्षा बैठक में प्रभारी कलेक्टर अर्चना कुमारी ने अधिकारियों को दिए। बैठक में अपर कलेक्टर दिलीप कुमार पाण्डेय, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व अनूपपुर कमलेश पुरी, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व जैतहरी सतीश वर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रभारी कलेक्टर ने कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस के संबंध में अधिकारियों से चर्चा की। उन्होंने जिले में प्राकृतिक खेती के अंतर्गत नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग, पशुपालन विभाग द्वारा संचालित डॉ. भीमराव अम्बेडकर कामधेनु योजना तथा गौशालाओं की स्थिति एवं संचालन की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इसके साथ ही जिले में स्वास्थ्य एवं पोषण से संबंधित योजनाओं की भी जानकारी प्राप्त कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों की भी समीक्षा करते हुए निर्देशित किया कि सभी प्रकरणों का प्राथमिकता के अनुसार समय-सीमा में निराकरण किया जाए। संबंधित अधिकारी स्वयं शिकायतकर्ता से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं का वस्तुस्थिति के अनुरूप समाधान करें तथा प्रत्येक प्रकरण में गुणवत्ता पूर्ण जवाब दर्ज किया जाए।
उन्होंने कृषि विभाग की योजनाओं एवं कार्यों की समीक्षा करते हुए प्राकृतिक एवं जैविक खेती को प्रोत्साहित करने तथा कृषकों को हाट-बाजार से जोड़ने हेतु प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक कृषकों को प्राकृतिक एवं जैविक खेती के लिए प्रेरित किया जाए, जिससे उनकी आय में वृद्धि हो सके। इसके साथ ही प्राचार्य, आईटीआई से मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना के प्रगति के संबंध में जानकारी प्राप्त कर योजना की साप्ताहिक प्रगति के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिले में मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना का बेहतर क्रियान्वयन किया जाए तथा अधिक से अधिक युवाओं को इससे जोड़ते हुए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जाएं।
प्रभारी कलेक्टर ने महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग, सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, उद्यानिकी विभाग, स्कूल शिक्षा विभाग, नगरीय प्रशासन विभाग, जनजातीय कार्य विभाग, सहकारिता विभाग, कुटीर एवं ग्रामोद्योग विभाग सहित अन्य विभिन्न विभागों के विभागीय कार्यो एवं प्रगति की समीक्षा कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश शुक्ला

