अशोकनगर: कांग्रेस ने उठाया स्थानीय चुनावों में गड़बडिय़ां होने का मुद्दा

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अशोकनगर: कांग्रेस ने उठाया स्थानीय चुनावों में गड़बडिय़ां होने का मुद्दा


अशोकनगर, 03 जून (हि.स.)। मध्य प्रदेश के अशोकनगर जिले में आगामी स्थानीय चुनावों को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। इसी सिलसिले में जिला कांग्रेस कमेटी ने मतदाता सूची में गड़बडिय़ों का मुद्दा उठाते हुए प्रशासन का दरवाजा खटखटाया है। जिला निर्वाचन प्रभारी अशोक शर्मा (बड़े भैया) ने बुधवार को कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी को एक आधिकारिक पत्र सौंपकर मतदाता सूचियों के गहन परीक्षण और शुद्धिकरण की मांग की है।

मतदाता सूची में गड़बड़ी का आरोपकलेक्टर को सौंपे गए पत्र के अनुसार, कांग्रेस का आरोप है कि जिले की नगरपालिका और नगर परिषद की मतदाता सूचियों में बड़े पैमाने पर दोहरे नाम शामिल हैं। एक ही व्यक्ति दो जगह वोटर पत्र में बताया गया है कि अनेक ऐसे मतदाता हैं जिनके नाम ग्राम पंचायत की मतदाता सूची में भी दर्ज हैं और शहर में मकान होने या अन्य कारणों से उनके नाम नगरपालिका/नगर परिषद की मतदाता सूची में भी जोड़ दिए गए हैं। नियमों का उल्लंघन का आरोप लगाते हुए कांग्रेस नेता ने स्पष्ट किया कि एक ही व्यक्ति का नाम दो अलग-अलग स्थानीय निकायों की मतदाता सूचियों में दर्ज होना निर्वाचन नियमों के खिलाफ है और यह मतदाता सूची की शुद्धता पर सवाल खड़े करता है।

निष्पक्ष चुनाव के लिए की ये मांगें:जिला कांग्रेस कमेटी ने निर्वाचन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए प्रशासन से निम्नलिखित कदम उठाने का आग्रह किया है कि नगरपालिका एवं नगर परिषद की मतदाता सूचियों का गहन परीक्षण और भौतिक सत्यापन कराया जाए। जिन मतदाताओं के नाम दो अलग-अलग स्थानों पर दर्ज हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई कर दोहरे नामों को तुरंत हटाया जाए। मतदाता सूची को पूरी तरह शुद्ध एवं त्रुटिरहित बनाया जाए ताकि आगामी निर्वाचन निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न हो सके।

राज्य निर्वाचन आयोग को भी भेजी प्रतिलिपि:इस मामले की गंभीरता को देखते हुए अशोक शर्मा ने इस शिकायत की एक प्रतिलिपि सचिव, मध्य प्रदेश राज्य निर्वाचन आयोग (भोपाल) को भी आवश्यक कार्रवाई हेतु प्रेषित की है। जानकारी के अनुसार, इस पत्र को आज दिनांक 03 जून 2026 को कार्यालय कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अशोकनगर में रिसीव करा दिया गया है, जिस पर संबंधित अधिकारी के हस्ताक्षर और सील भी मौजूद हैं। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस पर कितनी जल्दी संज्ञान लेता है।

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हिन्दुस्थान समाचार / देवेन्द्र ताम्रकार

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