दूरबीन लेकर जनता ढूंढ रही एम्बुलेंस: अजय साह

WhatsApp Channel Join Now
दूरबीन लेकर जनता ढूंढ रही एम्बुलेंस: अजय साह


रांची, 28 मई (हि.स.)। एम्बुलेंस व्यवस्था को लेकर भाजपा ने एक बार फिर स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता अजय साह ने कहा कि आज झारखंड की जनता दूरबीन लेकर एम्बुलेंस खोजने को मजबूर है, लेकिन हालत ऐसी हो चुकी है कि मरीजों को कभी चारपाई पर तो कभी परिजनों के कंधों पर बैठाकर अस्पताल पहुंचाया जा रहा है। यह केवल प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था के पतन की तस्वीर है।

अजय साह ने गुरुवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि वर्ष 2022 में स्वास्थ्य विभाग ने लगभग 55 करोड़ रुपये की लागत से 206 एम्बुलेंस खरीदी थीं, जबकि फरवरी 2026 में 80 करोड़ रुपये की लागत से 237 नई एम्बुलेंस खरीदने का टेंडर जारी किया गया। पुराने आंकड़ों को जोड़ें तो राज्य में 500 से अधिक एम्बुलेंस उपलब्ध होनी चाहिए, यानी औसतन हर जिले में 20 से ज्यादा एम्बुलेंस। ऐसे में सवाल केवल भाजपा नेता बाबूलाल मरांडी ही नहीं, बल्कि पूरे झारखंड की जनता पूछ रही है कि आख़िर ये एम्बुलेंस कहाँ है।

उन्होंने आरोप लगाया कि एम्बुलेंस संचालन में भी भारी अनियमितता और राजनीतिक पक्षपात किया गया। अजय साह के अनुसार स्वास्थ्य मंत्री ने तुष्टिकरण की राजनीति को आगे बढ़ाते हुए पूरे राज्य में एम्बुलेंस संचालन का ठेका इरफान आलम के “सम्मान फाउंडेशन” को सौंप दिया। क़ौम को प्रदेश से ऊपर रखने का नतीजा यह हुआ कि एम्बुलेंस चालक और अन्य कर्मचारी लगातार हड़ताल पर जाते रहे, कर्मचारियों का आर्थिक शोषण होता रहा और मरीजों को समय पर सेवा नहीं मिल सकी। उन्होंने आरोप लगाया कि कई एम्बुलेंस महीनों तक खराब हालत में खड़ी रहीं, कुछ के इंजन तक ग़ायब थे, लेकिन कागजों पर उन्हें चालू दिखाकर बिल निकाले जाते रहे। जामताड़ा के फ़र्ज़ी मोतियाबिंद ऑपरेशन का मॉडल एम्बुलेंस संचालन में भी लागू हुआ।

भाजपा की ओर से लगातार इस मुद्दे को उठाए जाने के बाद आखिरकार स्वास्थ्य विभाग की नींद खुली और 25 मई को सम्मान फाउंडेशन के साथ किया गया एग्रीमेंट रद्द करना पड़ा। अजय साह ने कहा कि एम्बुलेंस खरीद प्रक्रिया पर पहले ही सीएजी सवाल खड़े कर चुका है कि आखिर बस बनाने वाली कंपनी को एम्बुलेंस निर्माण का ठेका कैसे दे दिया गया। अब संचालन व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल उठ रहे हैं। यानी एम्बुलेंस खरीद में भी गड़बड़ी हुई और संचालन में भी भ्रष्टाचार एवं अव्यवस्था का खेल चलता रहा।

उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी भाजपा के सवालों का जवाब देने के बजाय लगातार धमकी और दबाव की राजनीति कर पूरे मामले को दबाने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन भाजपा जनता से जुड़े इस मुद्दे को दबने नहीं देगी और एम्बुलेंस घोटाले की पूरी सच्चाई सामने लाकर रहेगी।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे

Share this story