विशेष मतदाता शिविर 22-23 को, पात्र नागरिकों का नाम सूची में जोड़ने की अपील
रांची, 21 अगस्त (हि. स.)। झारखंड में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआइआर) के तहत 22 और 23 अगस्त को राज्य के सभी मतदान केंद्रों पर दूसरे और अंतिम विशेष शिविर का आयोजन होगा। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर शुक्रवार को शिविर को सफल बनाने में सहयोग की अपील की है।
के. रवि कुमार ने कहा कि कोई भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित नहीं रहना चाहिए। जिन नागरिकों की उम्र 1 अक्टूबर 2026 को या उससे पहले 18 वर्ष पूरी हो चुकी है या हो जाएगी और जिनका नाम ड्राफ्ट मतदाता सूची में नहीं है, वे फॉर्म-6 और निर्धारित घोषणापत्र भरकर नाम जुड़वाने के लिए आवेदन करें।
उन्होंने राजनीतिक दलों से बूथ लेवल एजेंट और कार्यकर्ताओं के माध्यम से ऐसे पात्र नागरिकों को चिन्हित कर आवेदन जमा कराने में सहयोग करने की अपील की। शहरी क्षेत्रों में भी एसआइआर को लेकर प्रचार-प्रसार करने और वार्ड सदस्यों और पूर्व वार्ड सदस्यों के माध्यम से लोगों को जागरूक करने को कहा गया है।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बताया कि एसआइआर के दौरान 'एक परिवार-एक मतदान केंद्र' की व्यवस्था को प्रभावी बनाया जाना है। यदि किसी परिवार के सदस्यों के नाम अलग-अलग मतदान केंद्रों पर दर्ज हैं या मतदान केंद्र निवास स्थान से दूर है, तो फॉर्म-8 के माध्यम से नाम को नजदीकी मतदान केंद्र पर स्थानांतरित कराने के लिए आवेदन किया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में झारखंड के सामान्य निवासी ऐसे लोग, जिनका नाम किसी अन्य राज्य की मतदाता सूची में दर्ज है, वे भी फॉर्म-8 और निर्धारित घोषणापत्र के माध्यम से अपना नाम झारखंड के संबंधित मतदान केंद्र की मतदाता सूची में स्थानांतरित करा सकते हैं। 22 और 23 अगस्त को सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक सभी मतदान केंद्रों पर बीएलओ मौजूद रहेंगे। पात्र नागरिक संबंधित प्रपत्र बीएलओ के पास जमा कर सकते हैं। ऑनलाइन आवेदन के लिए ईसीआइएनईटी ऐप और भारत निर्वाचन आयोग के वोटर सर्विस पोर्टल का भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
के. रवि कुमार ने कहा कि एसआइआर का उद्देश्य शुद्ध और त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करना है। उन्होंने कहा कि एक भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से न छूटे और किसी विदेशी नागरिक का नाम शामिल न हो, इसके लिए सभी राजनीतिक दलों और नागरिकों की सक्रिय भागीदारी जरूरी है। किसी विदेशी नागरिक द्वारा गलत घोषणापत्र के जरिए नाम शामिल कराने के प्रयास पर फॉर्म-7 के माध्यम से आपत्ति दर्ज कराई जा सकती है।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे

