बोकारो थर्मल पावर स्टेशन ने दामोदर को फिर से प्रदूषित करना शुरू कर दिया : सरयू राय
रांची, 02 मई (हि.स.)। झारखंड में नदियों के प्रदूषण का मामला एक बार फिर सामने आया है। जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने आरोप लगाया है कि दामोदर घाटी निगम के बोकारो थर्मल पावर स्टेशन (बीटीपीएस) से निकलने वाला दूषित बहिस्राव दोबारा दामोदर नदी को प्रदूषित कर रहा है। यह बहिस्राव राख, छाई, तैलीय पदार्थों और हानिकारक रासायनिक तत्वों से युक्त है, जो कोनार और दामोदर नदियों के संगम के पास गिर रहा है।
विधायक ने शनिवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि ताप बिजली उत्पादन के दौरान निकलने वाले इस दूषित बहिस्राव को सामान्यतः ऐश पॉन्ड में भेजा जाता है, ताकि यह सीधे नदी में न जाए। लेकिन इस बार ऐश पॉन्ड तक जाने वाली पाइपलाइन फट गई है, जिससे यह प्रदूषित जल बाहर निकलकर पास के नाले के जरिए पहले कोनार नदी और फिर दामोदर नदी में पहुंच रहा है।
उन्होंने कहा कि “दामोदर बचाओ आंदोलन” से जुड़े कार्यकर्ताओं ने सुबह इस घटना के फोटो साझा किए हैं, जिनमें स्पष्ट रूप से बहिस्राव के नदी में गिरने की स्थिति दिखाई दे रही है। यह कोई पहली घटना नहीं है। कभी पाइपलाइन फटती है तो कभी ऐश पॉन्ड की दीवार टूट जाती है, जिससे बार-बार नदियां प्रदूषित हो रही हैं।
सरयू राय ने इस गंभीर मामले को लेकर बोकारो के उपायुक्त को कई तस्वीरें भेजी हैं और जिला पर्यावरण समिति के अध्यक्ष के रूप में सख्त कार्रवाई करने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि बीटीपीएस प्रबंधन की लापरवाही के कारण ऐश पॉन्ड में जमा राख का नियमित निस्तारण नहीं हो पा रहा है, जिसके चलते समय-समय पर दूषित बहिस्राव नदी में छोड़ा जा रहा है।
विधायक ने चेतावनी दी कि यदि अभी यह स्थिति है, तो बारिश के मौसम में हालात और भी गंभीर हो सकते हैं। उस समय अधिक जल प्रवाह के साथ प्रदूषण के सबूत भी बह सकते हैं, जिससे जिम्मेदारी तय करना कठिन हो जाएगा।
उन्होंने राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रदूषण रोकना उसकी वैधानिक जिम्मेदारी है। ऐसे उद्योगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए जो पर्यावरण मानकों का पालन नहीं करते।
--------------
हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे

