टीबी मुक्त भारत के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करना आवश्यक : संजय सेठ

WhatsApp Channel Join Now
टीबी मुक्त भारत के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करना आवश्यक : संजय सेठ


रक्षा राज्य मंत्री ने टीबी सेनेटोरियम का किया निरीक्षण

रांची, 08 जुलाई (हि.स.)। रक्षा राज्य मंत्री एवं रांची के सांसद संजय सेठ ने बुधवार को रांची के इटकी स्थित ऐतिहासिक टीबी सेनेटोरियम का दौरा कर वहां उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं, आधारभूत संरचना एवं मरीजों को मिल रही चिकित्सा सेवाओं का विस्तृत निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों के साथ बैठक कर संस्थान की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की तथा आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता एवं व्यवस्थाओं में सुधार को लेकर विस्तार से चर्चा की।

निरीक्षण के बाद संजय सेठ ने कहा कि टीबी मुक्त भारत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का संकल्प है और केंद्र सरकार इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। ऐसे में राज्य के प्रमुख टीबी उपचार केंद्रों को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित करना समय की आवश्यकता है।

उन्होंने कहा कि वर्ष 1928 में स्थापित इटकी टीबी सेनेटोरियम कभी देश के सबसे बड़े एवं प्रतिष्ठित टीबी उपचार संस्थानों में अपनी विशिष्ट पहचान रखता था। यहां झारखंड के विभिन्न जिलों सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। लेकिन वर्तमान में संसाधनों की कमी, पर्याप्त स्वास्थ्यकर्मियों का अभाव तथा कई आवश्यक सुविधाओं के अनुपलब्ध होने से मरीजों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

सेठ ने कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि वर्ष 2019 से डिजिटल एक्स-रे मशीन खराब पड़ी है, जिसके कारण टीबी मरीजों की जांच प्रभावित हो रही है। इतने महत्वपूर्ण स्वास्थ्य संस्थान में वर्षों से इस प्रकार की स्थिति बने रहना चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि संस्थान की वर्तमान स्थिति देखकर उन्हें गहरा दुःख हुआ।

रक्षा राज्य मंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि संस्थान की आवश्यकताओं का विस्तृत प्रस्ताव तैयार किया जाए, ताकि उपलब्ध संसाधनों के माध्यम से हरसंभव सहयोग सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने भरोसा दिलाया कि टीबी सेनेटोरियम को उसकी पुरानी गरिमा और पहचान दिलाने, आधारभूत संरचना को सुदृढ़ करने तथा मरीजों को आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए वे हरसंभव प्रयास करेंगे।

उन्होंने कहा कि टीबी मुक्त झारखंड का लक्ष्य तभी पूरा होगा, जब प्रत्येक मरीज को समय पर जांच, गुणवत्तापूर्ण उपचार, आधुनिक चिकित्सा उपकरण और पर्याप्त स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हों। इस दिशा में केंद्र सरकार निरंतर प्रयासरत है और आवश्यक सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे

Share this story