झारखंड में 25 मई को 47 स्थानों पर मनाया जाएगा दामोदर महोत्सव, उद्गम स्थल पहुंचेंगे राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार

WhatsApp Channel Join Now
झारखंड में 25 मई को 47 स्थानों पर मनाया जाएगा दामोदर महोत्सव, उद्गम स्थल पहुंचेंगे राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार


रांची, 24 मई (हि.स.)। युगांतर भारती के तत्वावधान में 25 मई को लोहरदगा स्थित दामोदर नदी के उद्गम स्थल चूल्हा पानी में दामोदर महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। संयोगवश इसी दिन गंगा दशहरा का पर्व भी मनाया जाएगा, जिससे इस आयोजन का धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यावरणीय महत्व और बढ़ गया है।

युगांतर भारती के अध्यक्ष अंशुल शरण ने रविवार को आयोजित प्रेस वार्ता में बताया कि झारखंड के राज्यपाल संतोषकुमार गंगवार इस महोत्सव में बतौर मुख्य अतिथि शामिल होंगे। वहीं कार्यक्रम की अध्यक्षता जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय करेंगे।

अंशुल शरण ने कहा कि यह ऐतिहासिक अवसर होगा, क्योंकि पहली बार कोई राज्यपाल दामोदर नदी के उद्गम स्थल पर पहुंचेंगे। उन्होंने इसके लिए राज्यपाल के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे दामोदर नदी और उससे जुड़ी सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी।

अंशुल शरण ने बताया कि दामोदर महोत्सव केवल सांस्कृतिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह नदी संरक्षण, पर्यावरण जागरूकता और जल स्रोतों के महत्व को जन-जन तक पहुंचाने का अभियान भी है। कार्यक्रम के दौरान जल-जंगल-जमीन के संरक्षण, पर्यावरण संतुलन और नदियों की स्वच्छता को लेकर विभिन्न जनजागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।

अंशुल शरण ने जानकारी दी कि इस वर्ष दामोदर महोत्सव रिकॉर्ड 47 स्थानों पर आयोजित किया जाएगा। झारखंड के विभिन्न जिलों के अलावा दामोदर नदी से जुड़े कई क्षेत्रों में सामाजिक, सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित होंगे। महोत्सव के माध्यम से लोगों को नदियों के संरक्षण, जल संकट और पर्यावरणीय चुनौतियों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि दामोदर नदी झारखंड की सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और सामाजिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा रही है। ऐसे में इसके उद्गम स्थल पर राज्यपाल की उपस्थिति पूरे राज्य के लिए गौरव और सम्मान का विषय है।

महोत्सव में विभिन्न सामाजिक संगठनों, पर्यावरण कार्यकर्ताओं, जनप्रतिनिधियों, बुद्धिजीवियों और स्थानीय लोगों की बड़ी भागीदारी रहने की संभावना है। कार्यक्रम के दौरान पूजा-अर्चना, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां तथा पर्यावरण संरक्षण से जुड़े संदेश भी दिए जाएंगे।------------

हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे

Share this story