आईसीएआई के 78 वें स्थापना दिवस पर रांची शाखा में रक्तदान शिविर और पौधारोपण कार्यक्रम

WhatsApp Channel Join Now
आईसीएआई के 78 वें स्थापना दिवस पर रांची शाखा में रक्तदान शिविर और पौधारोपण कार्यक्रम


रांची, 01 जुलाई (हि.स.)। दि इंस्टिट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (आईसीएआई) के 78 वें स्थापना दिवस के अवसर पर आईसीएआई की रांची शाखा ने बुधवार को शाखा परिसर में आईसीएआई का ध्वजारोहण किया गया।

इस अवसर पर राष्ट्र निर्माण, सामाजिक सेवा और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को सुदृढ़ करते हुए शाखा पौधारोपण अभियान का शुभारंभ, रक्तदान शिविर, निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर एवं स्वच्छता अभियान का आयोजन किया गया।

ध्वजारोहण के बाद रांची शाखा के अध्यक्ष सीए अनीश जैन ने कहा कि आईसीएआई केवल एक पेशेवर संस्था नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की सशक्त भागीदार है। उन्होंने कहा कि चार्टर्ड अकाउंटेंट्स वित्तीय अनुशासन, पारदर्शिता और सुशासन के माध्यम से देश की आर्थिक प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। उन्होंने सभी सदस्यों और सीए विद्यार्थियों से समाज के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए सेवा, पर्यावरण संरक्षण और जनकल्याण के कार्यों में निरंतर सक्रिय सहभागिता निभाने का आह्वान किया।

उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि रांची शाखा भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी कार्यक्रमों के माध्यम से समाज के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को और अधिक सशक्त बनाएगी।

स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित रक्तदान शिविर और निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन सैमफोर्ड हॉस्पिटल के सहयोग से किया गया। रक्तदान शिविर में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और सीए के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए रक्त का संग्रह कराया। वहीं निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर में बड़ी संख्या में सदस्यों और उनके परिजनों ने स्वास्थ्य परीक्षण का लाभ उठाया। पौधारोपण अभियान के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया।

इस अवसर पर रांची शाखा के पूर्व अध्यक्ष में सीए बिनोद बांका, सीए मनीषा बियानी, सीए महेन्दर जैन, सीए मनीष जैन, सीए उदय जायसवाल, सीए अभिषेक केडिया, सीए प्रवीण शर्मा, सीए पंकज मक्कड़ और सीए संदीप जालान सहित बड़ी संख्या में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स एवं सीए विद्यार्थियों ने उपस्थित होकर विभिन्न कार्यक्रमों में सक्रिय योगदान दिया।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / Vinod Pathak

Share this story