दीपक प्रकाश ने इरफान अंसारी के खिलाफ अरगोड़ा थाने में दी शिकायत, एफआईआर की मांग
रांची, 06 नवंबर (हि.स.)। झारखंड भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश ने रांची के अरगोड़ा थाने में राज्य के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी के खिलाफ लिखित शिकायत देकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की। शिकायत में डॉ. अंसारी पर देश की संप्रभुता, एकता और अखंडता को खतरे में डालने, विभिन्न समूहों के बीच वैमनस्य बढ़ाने, आपराधिक धमकी देने और शांति भंग करने के इरादे से बयान देने का आरोप लगाया गया है।
शिकायत में कहा गया कि डॉ. अंसारी ने 5 नवंबर 2026 को एक वीडियो जारी कर सार्वजनिक तौर पर दावा किया कि 40 लाख युवा सड़कों पर उतरने के लिए तैयार हैं। उन्होंने भारतीय सेना और सुरक्षा बलों को चुनौती देते हुए कहा कि सेना को बुलाने के बावजूद वे छात्रों को सड़कों पर उतरने से नहीं रोक पाएंगे। शिकायत में यह भी कहा गया है कि डॉ. अंसारी ने धमकी दी है कि यदि केंद्र सरकार ने उनकी मांगें नहीं मानीं, तो भारत के हालात बांग्लादेश और नेपाल में हुए हिंसक तख्तापलट से भी बदतर हो जाएंगे। पड़ोसी देशों में हुई हिंसा, आगजनी और संवैधानिक पतन की तर्ज पर भारत में अराजकता फैलाने की ऐसी चेतावनी देश की संप्रभुता और अखंडता पर सीधा प्रहार है।
प्रकाश ने आरोप लगाया कि डॉ. अंसारी पहले भी प्रदेश और देश में अराजकता फैलाने वाले बयान देते रहे हैं। उनके भड़काऊ साक्षात्कार और वीडियो का प्रसारण रांची सहित देशभर के डिजिटल, इलेक्ट्रॉनिक और सोशल मीडिया नेटवर्क पर हुआ है। शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि डॉ. अंसारी ने हाल में दिल्ली जाकर कुछ छात्र संगठनों के साथ गुप्त बैठकें कीं और उन्हें संवैधानिक व्यवस्था के विरुद्ध सड़कों पर उतरने के लिए दुष्प्रेरित किया। शिकायत के अनुसार, उनके उकसावे के चलते दिल्ली और अन्य स्थानों पर छात्रों से जुड़ी हिंसक उपद्रव की घटनाएं हुईं, जिससे लोक व्यवस्था भंग हुई।
दीपक प्रकाश ने कहा कि डॉ. अंसारी का यह बयान महज उनका व्यक्तिगत बयान नहीं है। यह बहुत जगजाहिर है कि उन्होंने कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व, विशेषकर राहुल गांधी, के इशारे पर ही इस तरह का बयान दिया है। ऐसे बयानों के जरिए देश में अराजकता और अस्थिरता का माहौल बनाने की कोशिश की जा रही है। कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व को स्पष्ट करना चाहिए कि क्या वह डॉ. अंसारी के इस बयान से सहमत है और क्या उसकी राजनीतिक सहमति से ही इस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया जा रहा है।
प्रकाश ने थाना प्रभारी से अनुरोध किया कि राष्ट्र की संप्रभुता, सार्वजनिक सुरक्षा एवं रांची की लोकशांति के हित में शिकायत में उल्लिखित गंभीर तथ्यों पर त्वरित संज्ञान लेते हुए डॉ. इरफान अंसारी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 152, 153, 196, 351 और 352 तथा आईटी एक्ट की धारा 45 एवं 66एफ के तहत प्राथमिकी दर्ज की जाए।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन इरफान अंसारी के खिलाफ कार्रवाई नहीं करता है, तो भाजपा सड़कों पर उतरकर उनके खिलाफ चरणबद्ध आंदोलन करेगी। मौके पर वरुण साहू, आरती कुजूर, सुधीर श्रीवास्तव, सूरज नाथ शाहदेव, नीरज सिंह, तारिक इमरान, राहुल अवस्थी सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
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हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे

