सीमावर्ती गांवों में अघोषित बिजली कटौती से जनता परेशान, लोगों नेजताया रोष
जम्मू, 14 जून (हि.स.)। सीमावर्ती क्षेत्रों में लगातार हो रही अघोषित और बार-बार की बिजली कटौती को लेकर लोगों में बढ़ते असंतोष के बीच शिव सेना हिंदुस्तान ने जंगेवाल गांव में एक बैठक आयोजित कर सरकार और बिजली विभाग से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की। बैठक की अध्यक्षता पार्टी के जम्मू-कश्मीर अध्यक्ष पंडित राजेश केसरी ने की जिसमें जंगेवाल तथा आसपास के गांवों के बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया। उन्होंने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में रहने वाले गरीब और जरूरतमंद लोगों को राहत देने के बजाय सरकार उनकी परेशानियों को और बढ़ा रही है। भीषण गर्मी के इस मौसम में लगातार बिजली कटौती के कारण लोगों विशेष रूप से बुजुर्ग बुरी तरह प्रभावित हो रहे है।
उन्होंने कहा कि सीमावर्ती क्षेत्रों में इलेक्ट्रॉनिक मीटर लगाए जाने और उपभोक्ताओं द्वारा नियमित रूप से बिजली बिल जमा कराने के बावजूद बिजली आपूर्ति बेहद अनियमित बनी हुई है। ग्रामीणों ने बताया कि हर दो से तीन घंटे के अंतराल पर बिजली कटौती की जा रही है जिससे सामान्य जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। छात्रों की समस्याओं पर भी चिंता व्यक्त की गई। उन्होंने कहा कि नीट तथा अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को बार-बार बिजली जाने के कारण पढ़ाई में गंभीर बाधाओं का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने बिजली विकास विभाग (पीडीडी) से मांग की कि यदि किसी कारणवश बिजली कटौती आवश्यक है तो उसका एक निर्धारित और पारदर्शी शेड्यूल जारी किया जाए ताकि लोग अपनी दैनिक गतिविधियों की योजना बना सकें और अनावश्यक परेशानियों से बच सकें।
हिन्दुस्थान समाचार / राहुल शर्मा

