जम्मू केंद्रीय विश्वविद्यालय में हिंदीतर भाषी हिंदी नवलेखक शिविर का शुभारंभ

जम्मू केंद्रीय विश्वविद्यालय में हिंदीतर भाषी हिंदी नवलेखक शिविर का शुभारंभ


जम्मू केंद्रीय विश्वविद्यालय में हिंदीतर भाषी हिंदी नवलेखक शिविर का शुभारंभ


जम्मू, 12 फ़रवरी (हि.स.)। केंद्रीय हिंदी निदेशालय, नई दिल्ली तथा हिंदी एवं अन्य भारतीय भाषा विभाग, जम्मू केंद्रीय विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में पंच दिवसीय हिंदीतर भाषी हिंदी नवलेखक शिविर का शुभारंभ किया गया। यह शिविर 16 फरवरी तक जारी रहेगा। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजीव जैन की प्रेरणा से हिंदी विभागाध्यक्ष प्रो. भारत भूषण के संयोजकत्व में आयोजित शिविर के उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. यशवंत सिंह ने की।

उद्घाटन समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित केंद्रीय हिंदी निदेशालय, नई दिल्ली के निदेशक प्रो. सुनील बाबुराव कुलकर्णी ने कहा कि केंद्रीय हिंदी निदेशालय, नई दिल्ली हमेशा से अहिंदी भाषी क्षेत्रों में हिंदी के प्रचार-प्रसार के लिए प्रयासरत है। निदेशालय ने देश की चारों दिशाओं में वहां के गांव-गांव तक हिंदी को पहुंचाने की कमर कस ली है। कोरोना काल में जहां शिविरों का आयोजन ठप पड गया था, वहीं वर्तमान में शिविरों के प्रत्यक्ष अयोजन से शिविरार्थियों में साहित्यिक सृजन क्षमता का विकास होने के साथ-साथ बच्चों में नेतृत्व कौशल का विकास भी संभव हुआ है। उन्होंने कहा कि कवि बनने के लिए आपमें अभिव्यक्ति की क्षमता होनी चाहिए। वर्तमान में कविता कैरियर के लिए भी अहम बन गई है।

कार्यक्रम के अध्यक्ष कुलसचिव प्रो. यशवंत सिंह ने कहा कि अहिंदी भाषी क्षेत्रों में हिंदी नवलेखक शिविर केे आयोजन से निश्चित रूप में यहां विद्यार्थियों में साहित्य के प्रति रुचि बढेगी तथा इससे हिंदी साहित्य में श्रीवृद्धि होगी। वर्तमान में इस वैज्ञानिक युग में साहित्य की बडी जरूरत बढ गई है। भाषा संकाय अधिष्ठाता प्रो. वंदना शर्मा ने बताया कि वर्तमान में विकसित भारत में युवाओं में भारतीय मूल्य आधारित शिक्षा को बढावा देने की आवश्यकता है। इसके लिए युवाओं को साहित्य का अध्ययन गहराई से करना चाहिए।

कार्यक्रम के आरंभ में हिंदी विभागाध्यक्ष ने सभी अतिथियों का श्रीफल भेंट कर स्वागत किया तथा उनका परिचय प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में बाह्य विशेषज्ञ के रूप में उपस्थित हिंदी विभाग, पंजाब विश्वविद्यालय, के अध्यक्ष प्रो. अशोक कुमार, हिंदी साहित्यकार डाॅ. आदर्श प्रकाश, साहित्यकार डाॅ. क्षमा कौल, डाॅ. भारत भूषण शर्मा तथा केंद्रीय हिंदी निदेशालय, नई दिल्ली से पधारे सहायक निदेशक श्री नत्थूलाल का स्मृतिचिह्न प्रदान कर सम्मान किया गया। कार्यक्रम का संचालन विभाग की प्राध्यापिका डाॅ. वंदना शर्मा ने किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन विभाग के सह-आयार्य डाॅ. बिजेंद्र ने किया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में विभाग के सह-आयार्य डाॅ. शशिकांत मिश्र, सहायक आचार्य डाॅ. रत्नेश यादव, डाॅ. अरंिवद, डाॅ. विनय शुक्ल के अलावा शोधार्थियों व अन्य विद्याथियों का विशेष योगदान रहा।

हिन्दुस्थान समाचार/राहुल/बलवान

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