जम्मू में 27 फरवरी को मनाई जाएगी आमलकी एकादशी
जम्मू, 24 फ़रवरी (हि.स.)। जम्मू में फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की पावन आमलकी एकादशी 27 फरवरी 2026, शुक्रवार को श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाई जाएगी। श्री कैलख ज्योतिष एवं वैदिक संस्थान ट्रस्ट के प्रधान महंत रोहित शास्त्री ज्योतिषाचार्य ने जानकारी देते हुए बताया कि आमलकी एकादशी तिथि का आरंभ 26 फरवरी को देर रात्रि 12 बजकर 34 मिनट पर होगा और इसका समापन 27 फरवरी को रात्रि 10 बजकर 32 मिनट पर होगा। उदया तिथि के अनुसार 27 फरवरी को व्रत रखना श्रेष्ठ रहेगा। व्रत का पारण 28 फरवरी, शनिवार को प्रातः 6 बजकर 36 मिनट से 11 बजकर 22 मिनट तक किया जा सकेगा।
धार्मिक मान्यता के अनुसार भगवान विष्णु को आंवले का वृक्ष अत्यंत प्रिय है। इस दिन आंवले के पेड़ के नीचे बैठकर भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना का विशेष महत्व है। माना जाता है कि इस व्रत के पालन से मोक्ष की प्राप्ति होती है और अश्वमेध यज्ञ से भी अधिक पुण्य फल मिलता है। जम्मू के विभिन्न मंदिरों में श्री गणेश, श्री लक्ष्मीनारायण, भगवान श्रीराम, भगवान श्रीकृष्ण और भगवान शिव की पूजा-अर्चना की तैयारियां भी शुरू हो गई हैं।
महंत रोहित शास्त्री ने बताया कि एकादशी व्रत केवल धार्मिक ही नहीं, बल्कि मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य की दृष्टि से भी लाभकारी है। आयुर्वेद के अनुसार आंवला अमृत फल है जिसमें विटामिन सी प्रचुर मात्रा में पाया जाता है। इस दिन सात्विक आहार ग्रहण करने और चावल व तामसिक वस्तुओं से दूर रहने की सलाह दी गई है। श्रद्धालुओं से जरूरतमंदों को अन्न, वस्त्र और फल आदि का दान करने का भी आह्वान किया गया है।
हिन्दुस्थान समाचार / राहुल शर्मा

