हजारों लोगों का आवागमन बंद , मगर काम कछुआ चाल, लोगों ने डीसी को सौंपा ज्ञापन

WhatsApp Channel Join Now
हजारों लोगों का आवागमन बंद , मगर काम कछुआ चाल, लोगों ने डीसी को सौंपा ज्ञापन


हजारों लोगों का आवागमन बंद , मगर काम कछुआ चाल, लोगों ने डीसी को सौंपा ज्ञापन


मंडी, 28 अक्टूबर (हि.स.)। पाकिस्तान से लगने वाले अटारी बार्डर से जालंधर, हमीरपुर, धर्मपुर कोटली, मंडी, मनाली लेह तक बनाए जा रहे एनएच 003 पर काम कछुआ चाल से चल रहा है। इन दिनों मंडी बाइपास जो सन्याहरडी से पुलघराट ठंडी बावड़ी तक लगभग डेढ़ किलोमीटर का निर्माणाधीन है। इसका जो हिस्सा मंडी सुंदरनगर एनएच के साथ मंडी के पास मिलना है की शुरूआत में कुछ खतरनाक कटिंग है। इन दिनों इस खतरनाक कटिंग वाले हिस्से का काम चल रहा है। इसके लिए एनएच 003 प्रबंधन ने जिला प्रशासन के माध्यम से अधिसूचना जारी करवा कर दिन में सुबह 11 बजे से अढाई बजे तथा रात को 7 बजे से अगली सुबह साढ़े 6 बजे तक दिन में दो बार मंडी सुंदरनगर अति व्यस्त मार्ग को बंद रखने का निर्णय लिया है। जिसके चलते मंडी से ब्राधीवीर, रानीबाईं, गुटकर, चक्कर के स्थानीय वाशिंदों इस मार्ग पर चल रहे ऑटो मोबाइल के दर्जनों शो रूम में काम कर रहे कर्मचारियों, दो बड़े अस्पतालों , आधा दर्जन बड़े होटलों के कर्मचारियों व ग्राहकों समेत हजारों लोगों की दिनचर्या बुरी तरह से प्रभावित हुई है।

अधिसूचना के अनुसार यह स्थिति 21 नवंबर तक बनी रहेगी। प्रभावित लोगों ने उपायुक्त मंडी को ज्ञापन देकर बताया है कि वह निर्माण के खिलाफ नहीं है मगर खतरनाक कटिंग जिससे मुख्य सड़क पर पत्थर आने व किसी दुर्घटना हो जाने का खतरा है वह छोटा सा कुछ सौ मीटर का हिस्सा है। इसे युद्ध स्तर पर भारी मशीनरी लगवाकर जल्दी खत्म करवाया जा सकता है मगर मौके पर जिस तरह से सामान्य ही नहीं बल्कि बेहद धीमी कछुआ चाल की गति से काम हो रहा है उससे तो यही लगता है कि निर्माणकर्ता कंपनी को लोगों की परेशानी से कोई लेना देना नहीं है। इस मार्ग से रोजाना हजारों वाहन गुजरते हैं जो अब कांगणी जंगल वाली धूल भरी सड़क या बिंदरावणी से होकर जा रहे हैं जबकि स्थानीय लोगों को 10 से 12 किलोमीटर का चक्कर काट कर आना पड़ रहा है।

उपायुक्त के ध्यान में लाया कि इस कटिंग के लिए पहले भी दो बार मार्ग को बंद रखने की अधिसूचना जारी हो चुकी है मगर तब भी कंपनी ने काम नहीं किया। अब भी कंपनी की चाल ऐसी ही लग रही है। मांग की गई कि निर्माणकर्ता कंपनी को आदेश दिए जाएं कि इस छोटे से टुकड़े में युद्ध स्तर पर मशीनरी लगवाकर काम को जल्द से जल्द पूरा किया जाए। उपायुक्त को दिए गए ज्ञापन में दो दर्जन से भी अधिक प्रभावितों ने हस्ताक्षर किए हैं। इनमें कशमीर सिंह, प्रताप सिंह, देश राज, अजगर अली, राम सिंह, सावी पाल, तीर्थ, अदविल कुमार, हेम राज, अशोक कुमार , रमा देवी प्रमुख हैं।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा

Livevns.news Desk
Livevns.news Desk

768414 Articles

Share this story