टांडा मेडिकल कॉलेज में पेयजल आपूर्ति प्रभावित, सभी ऑपरेशन स्थगित
धर्मशाला, 27 जून (हि.स.)। कांगड़ा स्थित डॉ. राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल टांडा में पिछले दो दिनों से पेयजल आपूर्ति ठप्प होने से सभी प्रस्तावित ऑपरेशन स्थगित कर दिए हैं। वार्डों और ऑपरेशन थिएटर में पानी न होने के कारण अस्पताल प्रशासन ने यब निर्णय लेते हुए मरीजों को नई तारीखें दी हैं। कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. मिलाप शर्मा ने बताया कि अस्पताल को जो पानी मिल रहा था, वह पीने के लायक नहीं पाया गया। इसके बाद, कल शाम से अस्पताल में पानी की सप्लाई बाधित है, जिससे अस्पताल की आवश्यक सेवाओं पर गंभीर असर पड़ा है।
एनेस्थीसिया विभाग ने अस्पताल प्रशासन को सूचित किया है कि साफ और ट्रीटेड पानी की पर्याप्त आपूर्ति न होने के कारण सर्जिकल उपकरणों को ऑटोक्लेविंग के जरिए कीटाणु-मुक्त नहीं किया जा सकता। ऑपरेशन थिएटर में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों की उचित सफाई और प्रोसेसिंग भी प्रभावित हुई है।
मरीजों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए और संक्रमण से बचाव व स्टेरलाइजेशन के प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करते हुए यह निर्णय लिया गया है। ऐसे में जब तक साफ, पीने लायक और ठीक से ट्रीटेड पानी की सप्लाई बहाल नहीं हो जाती, तब तक केवल आपातकालीन और जीवन बचाने वाली सर्जिकल प्रक्रियाएं ही की जाएंगी। वैकल्पिक और गैर-जरूरी सर्जिकल प्रक्रियाओं को फिलहाल टाला जा रहा है।
सभी सर्जिकल विभागों को निर्देश दिए गए हैं कि वे वैकल्पिक सर्जरी टालने के बारे में अपने मरीजों को सूचित करें और सामान्य सेवाएं बहाल होने पर उन्हें दोबारा शेड्यूल करने में मदद करें। अस्पताल प्रशासन ने जल शक्ति विभाग से संपर्क किया है और मरीजों की देखभाल व ऑपरेशन थिएटर के सुरक्षित संचालन के लिए साफ पानी की नियमित आपूर्ति तुरंत बहाल करने का अनुरोध किया है। विधायक पवन काजल ने प्रदेश सरकार को घेरा है। अस्पताल में दूषित पानी की सप्लाई करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई होनी चहिए। सरकार पहले यहां से विशेषज्ञ डॉक्टर्स को हटाकर अब पीने का पानी मुहैया ना करवाकर इसे बंद करने पर तुली हुई है।
उधर टांडा मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. मिलाप शर्मा ने बताया कि जल शक्ति विभाग द्वारा पानी की पर्याप्त सप्लाई बहाल होने और सभी आवश्यक स्टेरलाइजेशन प्रक्रियाएं पूरी होने के तुरंत बाद नियमित सर्जिकल सेवाएं फिर से शुरू कर दी जाएंगी।
हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया

