बर्फबारी के साथ निचले क्षेत्रों का रुख करेंगे वन्यजीव, तेंदुए और भालू से सतर्क रहने की जरूरत

WhatsApp Channel Join Now
बर्फबारी के साथ निचले क्षेत्रों का रुख करेंगे वन्यजीव, तेंदुए और भालू से सतर्क रहने की जरूरत


धर्मशाला, 25 अक्टूबर (हि.स.)। पहाड़ों पर बर्फबारी शुरू होने के साथ ही वन्यजीव भोजन की तलाश में निचले क्षेत्रों का रुख करने लगते हैं। ऐसे में तेंदुए और भालू की आवाजाही रिहायशी इलाकों के आसपास बढ़ने की आशंका रहती है। इसे देखते हुए वन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और वन्यजीवों से दूरी बनाए रखने की अपील की है। डीएफओ धर्मशाला अमित शर्मा ने कहा कि विशेषकर सुबह और शाम के समय सावधानी बरतें तथा बच्चों को अकेले बाहर न भेजें। घरों के आंगन में पर्याप्त रोशनी रखें, ताकि वन्यजीवों की गतिविधियों पर नजर रखी जा सके।

अमित शर्मा ने बताया कि सर्दियों में भालू भोजन की तलाश में मक्की के खेतों और फलों के बगीचों तक पहुंच सकते हैं, जबकि तेंदुए कुत्तों का शिकार करने के लिए रिहायशी क्षेत्रों के आसपास आ सकते हैं। भालू प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को जंगल या सुनसान रास्तों से गुजरते समय आवाज करते हुए चलना चाहिए, ताकि वन्यजीवों को पहले ही इंसान की मौजूदगी का आभास हो सके। जिन क्षेत्रों में भालुओं की आवाजाही रहती है, वहां बच्चों को किसी बड़े व्यक्ति के साथ ही भेजें।

वन्यजीवों का शिकार करने पर होगी कार्रवाई

डीएफओ ने कहा कि बर्फबारी के दौरान वन्यजीवों के निचले क्षेत्रों में पहुंचने पर कुछ लोग उनका शिकार करने का प्रयास करते हैं। वन्यजीव संरक्षण कानून के तहत संरक्षित प्रजातियों का शिकार करने पर सजा का प्रावधान है। उन्होंने बताया कि कई प्रजातियां अनुसूची-एक में शामिल हैं, जिनके शिकार पर तीन वर्ष तक की कैद हो सकती है। वन विभाग के फील्ड कर्मचारियों को वन्यजीवों की गतिविधियों पर नजर रखने और शिकार या मानव-वन्यजीव संघर्ष की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

अमित शर्मा ने लोगों से अपील की कि तेंदुए या भालू के दिखाई देने पर उनके करीब जाने, उन्हें घेरने या परेशान करने का प्रयास न करें। किसी भी अप्रिय घटना या वन्यजीव की संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत वन विभाग को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।

हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया

Livevns.news Desk
Livevns.news Desk

766721 Articles

Share this story