आपदा का दंश झेल रहे प्रदेश में सीमेंट का दाम बढ़ाना प्रभावितों के साथ अमानीयता : जयराम ठाकुर
शिमला, 05 जनवरी (हि.स.)। पूर्व मुख्यमंत्री नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि प्रदेश आपदा की चपेट में है। हजारों की संख्या में लोग बेघर हुए हैं और उससे ज्यादा लोगों के पशु शालाएं और घर आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं। सरकार एक तरफ लोगों की मदद नहीं कर रही है और दूसरी तरफ सीमेंट के दाम बढ़ाकर जो लोग खुद से अपना आशियाना बना रहे हैं उनके लिए मुश्किल है खड़ी कर रही है। ऐसे समय में बार-बार सीमेंट के दाम बढ़ाना आपदा प्रभावितों के साथ अमानीयता है। हैरानी यह है कि आगे भी दाम बढ़ाने का अल्टीमेटम सीमेंट कंपनियों ने अपने डीलर्स को दे रखे हैं।
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सोमवार को एक बयान में कहा है कि आपदा की गंभीर स्थिति में भी कांग्रेस सरकार के फैसले आम जनता की परेशानियाँ बढ़ाने वाले साबित हो रहे हैं। प्रदेश के आपदा प्रभावित क्षेत्रों में लोग अपने टूटे-फूटे घरों के पुनर्निर्माण के लिए जूझ रहे हैं, वहीं सरकार बार-बार सीमेंट के दाम बढ़ाकर उनकी मुश्किलें और बढ़ा रही है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने जीएसटी कम कर सीमेंट के दाम घटाने का संवेदनशील और जनहितकारी निर्णय लिया था, ताकि आम लोगों को राहत मिल सके। लेकिन दुर्भाग्यपूर्ण है कि हिमाचल प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने उस राहत को समाप्त करते हुए एडिशनल गुड्स टैक्स लगाकर सीमेंट के दाम फिर से बढ़ा दिए। यह निर्णय पूरी तरह से जनविरोधी है और विशेषकर उन लोगों के साथ अन्याय है जो प्राकृतिक आपदा में अपना सब कुछ खो चुके हैं। सरकार को इस समय राहत देने की आवश्यकता है, न कि नए-नए कर लगाकर पीड़ितों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालने की।इसी तरह 2023 की त्रासदी के समय डीजल पर वैट बढ़ाकर प्रदेशवासियों को परेशान करने का काम किया था।
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हिन्दुस्थान समाचार / सुनील शुक्ला

