ऑपरेशन सिंदूर ने दुनिया को भारत का आतंकवाद पर सख्त संदेश दिया: राज्यपाल

WhatsApp Channel Join Now
ऑपरेशन सिंदूर ने दुनिया को भारत का आतंकवाद पर सख्त संदेश दिया: राज्यपाल


शिमला, 07 मई (हि.स.)। राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर भारतीय सशस्त्र बलों के साहस, पराक्रम और पेशेवर क्षमता की सराहना की है। उन्होंने कहा कि यह ऑपरेशन केवल एक सैन्य कार्रवाई नहीं था, दुनिया को भारत का स्पष्ट संदेश था कि देश आतंकवाद के सामने कभी झुकेगा नहीं।

राज्यपाल ने गुरूवार को कहा कि 7 और 8 मई 2025 की दरम्यानी रात भारतीय सेना ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकवादी प्रशिक्षण शिविरों पर सटीक और योजनाबद्ध कार्रवाई की थी। यह कार्रवाई 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई थी, जिसमें 26 निर्दोष पर्यटकों की जान चली गई थी।

उन्होंने कहा कि भारतीय सशस्त्र बलों ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान अद्भुत साहस और पेशेवर क्षमता का परिचय दिया। राज्यपाल के अनुसार इस अभियान ने भारत की आतंकवाद के खिलाफ नीति को नई दिशा दी और यह दिखाया कि देश अब केवल रणनीतिक संयम तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि जरूरत पड़ने पर निर्णायक और सक्रिय कदम उठाएगा।

राज्यपाल ने कहा कि भारतीय सेना ने इस अभियान में अपनी गहरी मारक क्षमता का प्रदर्शन किया। उन्होंने बताया कि ऑपरेशन के दौरान पाकिस्तान में नौ आतंकी शिविरों और 11 एयरफील्ड को निशाना बनाया गया। उन्होंने यह भी कहा कि दुश्मन भारत की सैन्य संपत्तियों को कोई नुकसान नहीं पहुंचा सका। इस अभियान में ब्रह्मोस और आकाश जैसे स्वदेशी हथियारों और तकनीकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही, जिससे भारत की रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता भी सामने आई।

राज्यपाल ने हिमाचल प्रदेश के सैनिकों और पूर्व सैनिकों के योगदान को भी याद किया। उन्होंने कहा कि हिमाचल वीरों की भूमि है और यहां के बहादुर जवान हमेशा देश की रक्षा में अग्रिम पंक्ति में खड़े रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश की पहाड़ियां शहीदों और वीर सैनिकों की गाथाओं से गूंजती हैं और यह अवसर हर हिमाचली के लिए गर्व का क्षण है।

उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की कि ऑपरेशन सिंदूर की वर्षगांठ को गर्व, कृतज्ञता और राष्ट्रीय एकता के संकल्प के रूप में मनाया जाए। राज्यपाल ने कहा कि भारत आतंकवाद के खिलाफ अपनी लड़ाई पूरी मजबूती और जिम्मेदारी के साथ जारी रखेगा।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा

Share this story