जनता ने आंदोलन की कमान अपने हाथों में ली, बैलेट पेपर से हों चुनाव : नरेश चौहान
शिमला, 13 अक्टूबर (हि.स.)। मुख्यमंत्री के प्रधान मीडिया सलाहकार नरेश चौहान ने वोट चोरी के आरोपों को लेकर दिल्ली में हुए प्रदर्शन का हवाला देते हुए कहा कि इसमें कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में आम लोग भी पहुंचे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन के दौरान जनता में जोश और उत्साह देखने को मिला। अब आंदोलन की कमान जनता ने अपने हाथों में ले ली है और लोकतंत्र से जुड़े मुद्दों पर लोग अपनी आवाज उठा रहे हैं।
नरेश चौहान ने आरोप लगाया कि देश में संस्थाओं को नियंत्रित कर वोट चोरी की गई और तानाशाही तरीके से शासन चलाने की कोशिश हुई। उन्होंने कहा कि ऐसी कोशिशें अब सफल नहीं होंगी। उन्होंने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए। उनके अनुसार, इस प्रक्रिया में निष्पक्षता नजर नहीं आई। उन्होंने मांग की कि चुनाव इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) के बजाय बैलेट पेपर से करवाए जाने चाहिए।
चौहान ने सुप्रीम कोर्ट से भी लोकतंत्र की रक्षा के लिए आगे आने की अपील की। उन्होंने सत्ता में बैठे लोगों को चेतावनी देते हुए कहा कि जनता अब आंदोलन की कमान अपने हाथों में ले चुकी है। उनके बयान में चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता और निष्पक्षता का मुद्दा प्रमुख रहा।
कांग्रेस सांसद और जेएनयू प्रोफेसर से जुड़े मामले पर भी दी प्रतिक्रिया
कांग्रेस सांसद और जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के एक प्रोफेसर से जुड़े आरोपों के मामले में भाजपा के धरना-प्रदर्शन पर प्रतिक्रिया देते हुए चौहान ने कहा कि यदि मामले की जांच हो रही है तो किसी को इससे परेशानी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस किसी को बचाने की कोशिश नहीं कर रही है। जिसने भी गलत किया है, उसे परिणाम भुगतने होंगे।
उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि उसकी विचारधारा से जुड़े नेताओं पर भी पहले इस तरह के आरोप लग चुके हैं। चौहान ने आरोप लगाया कि देश के वास्तविक मुद्दों से जनता का ध्यान हटाने के लिए इस मामले को उठाया जा रहा है।
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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा

