आपदा प्रबंधन एवं राहत व्यवस्था पर नवनिर्वाचित पंचायत प्रधानों के लिए कार्यशाला

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आपदा प्रबंधन एवं राहत व्यवस्था पर नवनिर्वाचित पंचायत प्रधानों के लिए कार्यशाला


मंडी, 28 जुलाई (हि.स.)। मंडी जिला के सरकाघाट उपमंडल के एसडीएम राजेंद्र कुमार गौतम की अध्यक्षता में मंगलवार को एसडीएम कार्यालय सरकाघाट के सभागार में आयोजित की गई। इस अवसर पर गोपालपुर विकास खंड के सभी नवनिर्वाचित पंचायत प्रधानों के लिए आपदा प्रबंधन, राहत, न्यूनीकरण एवं पुनर्वास विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए एसडीएम राजेन्द्र कुमार गौतम ने कहा कि किसी भी आपदा की स्थिति में पंचायत प्रधान प्रशासन और आम जनता के बीच महत्वपूर्ण कड़ी की भूमिका निभाते हैं। उन्होंने सभी नवनिर्वाचित प्रधानों से आह्वान किया कि वे अपनी पंचायतों में लोगों को आपदा राहत से संबंधित नियमों, पात्रता तथा सहायता वितरण की प्रक्रिया की जानकारी दें, ताकि संकट की घड़ी में प्रभावित परिवारों को समय पर राहत उपलब्ध कराई जा सके। उन्होंने प्रशासन और पंचायतों के बीच प्रभावी समन्वय बनाए रखने पर भी बल दिया।

कार्यशाला में प्रशासन की ओर से राजेश विमल ने हिमाचल प्रदेश सरकार की आपदा राहत एवं पुनर्वास नियमावली-2012 तथा वर्ष 2023 एवं 2025 में किए गए संशोधनों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने विभिन्न प्रकार की प्राकृतिक आपदाओं में प्रभावित व्यक्तियों एवं परिवारों को प्रदान किए जाने वाले राहत एवं मुआवजा प्रावधानों, पात्रता तथा निर्धारित मानकों से प्रधानों को अवगत कराया।

उन्होंने पंचायत प्रधानों से कहा कि वे अपनी पंचायतों के युवा टास्क फोर्स स्वयंसेवकों तथा स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों के दूरभाष नंबर सदैव अपने पास सुरक्षित रखें, ताकि किसी भी आपात स्थिति में सूचना का त्वरित आदान-प्रदान और राहत एवं बचाव कार्यों का प्रभावी संचालन सुनिश्चित किया जा सके। कार्यशाला के दौरान प्रदेश सरकार द्वारा संचालित राहवीर योजना की भी जानकारी दी गई। बताया गया कि सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति की जान बचाने में सहायता करने वाले व्यक्ति को सरकार द्वारा 25 हजार की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है।

पंचायत प्रधानों से इस योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का आग्रह किया गया, ताकि अधिक से अधिक लोग आगे आकर घायलों की सहायता कर सकें और सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली जनहानि को कम किया जा सके। इसके अतिरिक्त प्रधानों को स्वामित्व योजना से संबंधित आवश्यक जानकारी भी प्रदान की गई।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा

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