यमुनानगर:स्वामी विवेकानंद जयंती पर यमुनानगर में स्वास्थ्य सेवा और स्वदेशी विचार का संगम
यमुनानगर, 12 जनवरी (हि.स.)। यमुनानगर में स्वामी विवेकानंद की 164वीं जयंती के अवसर पर विवेकानंद मल्टी स्पेशलिटी अस्पताल और विवेकानंद हॉस्टल परिसर में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। साेमवार काे हुआ यह आयोजन न केवल स्वामी विवेकानंद जयंती बल्कि हॉस्पिटल के स्थापना दिवस और वार्षिक उत्सव के उपलक्ष्य में भी किया गया, जिसमें स्वास्थ्य सेवा, राष्ट्र निर्माण और आत्मनिर्भर भारत के विचारों को प्रमुखता से रखा गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि यमुनानगर के विधायक घनश्याम दास अरोड़ा ने स्वामी विवेकानंद के चित्र पर पुष्प अर्पित कर कहा कि स्वामी विवेकानंद का संदेश केवल आध्यात्मिक नहीं, बल्कि सेवा, समर्पण और मानव कल्याण से भी जुड़ा है। कार्यक्रम के दौरान विशेष रूप से उन मरीजों को आमंत्रित किया गया, जो उपचार के बाद पूर्ण रूप से स्वस्थ होकर अपने घर लौट चुके हैं। मंच से मरीजों ने अपने अनुभव साझा करते हुए डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ के समर्पण की सराहना की। अस्पताल प्रबंधन ने जानकारी दी कि संस्थान में रेडियो थैरेपी यूनिट, ट्रांसप्लांट से जुड़ी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं तथा भविष्य में कैथ लैब की स्थापना भी की जा रही है, जिससे क्षेत्र के मरीजों को बड़े शहरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
विधायक घनश्याम दास अरोड़ा ने अपने संबोधन में कहा कि विवेकानंद मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल यमुनानगर और आसपास के क्षेत्रों के लिए एक भरोसेमंद स्वास्थ्य केंद्र के रूप में उभर रहा है। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार की आयुष्मान भारत योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि गरीब और जरूरतमंद वर्ग तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए योजनाओं की निरंतर समीक्षा और प्रभावी क्रियान्वयन आवश्यक है। कार्यक्रम में डॉक्टरों, समाजसेवियों, बुद्धिजीवियों और स्थानीय नागरिकों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही। उपस्थित लोगों ने इसे स्वास्थ्य सेवा और स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने वाला एक सार्थक प्रयास बताया।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / सुशील कुमार

