यमुनानगर में नव संवत्सर पर सांस्कृतिक परंपराओं का उत्सव मनाया

WhatsApp Channel Join Now
यमुनानगर में नव संवत्सर पर सांस्कृतिक परंपराओं का उत्सव मनाया


यमुनानगर, 19 मार्च (हि.स.)। यमुनानगर में हिंदू नववर्ष विक्रम संवत के शुभारंभ पर ग्रीन पार्क कॉलोनी में गुरुवार को सामूहिक कार्यक्रम आयोजित कर सांस्कृतिक परंपराओं का उत्सव मनाया गया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने हनुमान चालीसा का पाठ कर देश और समाज की सुख-समृद्धि की कामना की।

कार्यक्रम में वक्ताओं ने भारतीय पंचांग की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि विक्रम संवत केवल एक कालगणना प्रणाली नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, प्रकृति और खगोलीय विज्ञान से जुड़ी प्राचीन विरासत का प्रतीक है। यह संवत्सर चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से आरंभ होकर नवचेतना, ऊर्जा और धार्मिक आस्था का संदेश देता है। इसी दिन से नवरात्र का शुभारंभ भी होता है, जो शक्ति और भक्ति के संगम का प्रतीक माना जाता है।

वक्ताओं ने कहा कि भारतीय परंपरा में विक्रम संवत का विशेष महत्व है, जिसके आधार पर प्रमुख पर्व, व्रत और शुभ मुहूर्त निर्धारित किए जाते हैं। इसे ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान का आधार बताते हुए नई पीढ़ी को इससे जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया गया। उन्होंने कहा कि आधुनिकता के दौर में अपनी जड़ों से जुड़े रहना समाज के संतुलित विकास के लिए आवश्यक है। इस अवसर पर उपस्थित गणमान्य नागरिकों ने नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए समाज में सांस्कृतिक जागरूकता बढ़ाने का आह्वान किया। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि बच्चों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं का ज्ञान दें, ताकि वे अपनी विरासत को समझ सकें और उसका सम्मान करें। कार्यक्रम में स्थानीय नागरिकों की सहभागिता उल्लेखनीय रही और सभी ने सामूहिक रूप से नव संवत्सर के महत्व को आत्मसात करने का संकल्प लिया।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / सुशील कुमार

Share this story