हिसार : विकसित भारत के निर्माण में समाज, संस्थान और प्रशासन की भूमिका जरूरी : विनय दीक्षित
हकृवि में ‘भारत 2047: व्यक्ति निर्माण’ विषय पर संगोष्ठी आयोजित
हिसार, 25 जून (हि.स.)। पंचनद शोध संस्थान द्वारा ‘भारत 2047: व्यक्ति निर्माण’ विषय पर एक संगोष्ठी
का आयोजन किया गया। संगोष्ठी में अखिल भारतीय प्रज्ञा प्रवाह के राष्ट्रीय सह-संयोजक
विनय दीक्षित मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो.
बलदेव राज कम्बोज ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। गुजवि के वरिष्ठ अर्थशास्त्री प्रो.
नरेंद्र कुमार बिश्नोई प्रस्तोता के रूप में मौजूद रहे।
राष्ट्रीय सह-संयोजक विनय दीक्षित ने गुरुवार काे अपने संबोधन में कहा कि विकसित भारत के
निर्माण में प्रशासन, संस्थान और समाज की समान रूप से महत्वपूर्ण भूमिका होनी चाहिए।
प्रशासन सुशासन, पारदर्शिता और जनकल्याणकारी नीतियों के प्रभावी क्रियान्वयन का आधार
बनता है। संस्थान शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार तथा कौशल विकास के माध्यम से राष्ट्र की
बौद्धिक और आर्थिक शक्ति को सुदृढ़ करते हैं। वहीं समाज नैतिक मूल्यों, सामाजिक समरसता,
नागरिक कर्तव्यों और जनभागीदारी के द्वारा विकास की प्रक्रिया को गति प्रदान करता है।
इन तीनों स्तम्भों के समन्वित प्रयासों से ही आत्मनिर्भर, समृद्ध और विकसित भारत के
लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है। व्यक्ति निर्माण का अर्थ केवल शिक्षा प्राप्त करना
नहीं, बल्कि व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास से है, जिसमें ज्ञान, चरित्र, अनुशासन,
संवेदनशीलता, राष्ट्रभक्ति, सामाजिक समरसता और नैतिकता का समावेश हो। उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता ऐसे युवाओं की है जो केवल अपने
व्यक्तिगत हितों के लिए नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र के लिए भी सोचें तथा कार्य करें।
कुलपति प्रो. बलदेव राज कम्बोज ने अपने संबोधन में कहा कि परिवार हमें संस्कार,
स्कूल आधार, विश्वविद्यालय दिशा और समाज अवसर देता है। उन्होंने कहा कि जीवन में आगे
बढऩे के लिए अनुशासन बहुत जरूरी है।
अर्थशास्त्री प्रो. नरेंद्र कुमार बिश्नोई ने कहा कि यदि भारत का प्रत्येक
नागरिक अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक पालन करे, अपने व्यक्तित्व का निरंतर विकास
करे तथा राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखे, तो वर्ष 2047 का भारत केवल विकसित ही नहीं, बल्कि
विश्व को दिशा देने वाला राष्ट्र बनेगा। मंच संचालन पंचनद शोध संस्थान, अध्ययन केन्द्र, हिसार के सचिव डॉ. मोहित कुमार
ने किया जबकि धन्यवाद प्रस्ताव मीडिया सलाहकार डॉ. संदीप आर्य ने पारित किया। संगोष्ठी
में पंचनद शोध संस्थान के कार्यकारी अध्यक्ष प्रो. जगबीर सिंह, पंचनद शोध संस्थान के
संरक्षक ज्ञानचंद बंसल, महिला आयाम की प्रमुख डॉ. मुदिता वर्मा, कैंपस स्कूल की निदेशिका
श्रीमती संतोष कुमारी सहित शहर के गणमान्य नागरिक एवं संस्थान के पदाधिकारी भी उपस्थित
रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर

