हिसार : विपक्षी दलों की तुच्छ सोच से गिरा नारी शक्ति वंदन अधिनियम : नेहा धवन
बिल गिराकर कांग्रेस ने छीना देश की आधी आबादी
से उसका हक, महिलाओं में गुस्सा
पांच राज्यों के चुनावों में कांग्रेस को भुगतना
पड़ेगा इसका खामियाजा
हिसार, 20 अप्रैल (हि.स.)। भारतीय जनता पार्टी
की प्रदेश प्रवक्ता नेहा धवन ने लोकसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम गिरने को कांग्रेस
व अन्य विपक्षी दलों की तुच्छ सोच का परिणाम बताया है। उन्होंने कहा है कि कांग्रेस
सहित अन्य विपक्षी दलों ने यह अधिनियम गिराकर देश की आधी आबादी से उसका हक छीना है।
नेहा धवन सोमवार को पार्टी जिला कार्यालय में
पत्रकारों से बातचीत कर रही थी। उन्होंने कहा कि 17 अप्रैल का दिन देश के इतिहास में
ऐतिहासिक हो सकता था और स्वर्ण अक्षरों में लिखा जा सकता था लेकिन कांग्रेस व अन्य
विपक्षी दलों की गलत मंशा के कारण यह दिन काले अक्षरों में लिखा गया। कांग्रेस नहीं
चाहती कि महिलाओं को उनका हक मिले और महिलाएं आगे आएं। उन्होंने कहा कि लगभग 60 साल
तक देश में कांग्रेस का राज रहा लेकिन एक ही परिवार या उससे जुड़ी महिलाओं के अलावा
सामान्य परिवारों से जुड़ी महिलाओं को आगे नहीं आने दिया गया। यह कांग्रेस की सोच है।
कांग्रेस के इस कृत्य में ममता बनर्जी व सपा ने भी पूरा साथ दिया।
नेहा धवन ने कहा कि भाजपा चाहती है कि महिलाओं
को उनका हक मिले लेकिन कांग्रेस ने अपने इरादे जाहिए कर दिए हैं। उन्होंने कहा कि यदि
नारी शक्ति वंदन अधिनियम पास हो जाता तो कांग्रेस नेत्री सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी
या तृणमूल कांग्रेस की ममता बनर्जी से उनका हक नहीं छीना जाना था लेकिन सामान्य परिवारों
से जुड़ी महिलाओं को उनका हक अवश्य मिल जाता। कांग्रेस को यह भी सहन नहीं हुआ और अन्य
दलों के साथ मिलकर कांग्रेस ने इस बिल को गिरा दिया ताकि देश की आधी आबादी को राजनीति
में बराबर की हिस्सेदारी न मिले।
भाजपा मीडिया प्रभारी राजेन्द्र सपड़ा ने बताया
कि इस अवसर पर पूर्व प्रदेश सचिव सरोज सिहाग, जिला सचिव पिंकी शर्मा, प्रोमिला पूनिया,
जिला मीडिया प्रभारी राजेन्द्र सपड़ा, जिला उपाध्यक्ष संजीव रेवड़ी, कोषाध्यक्ष अशोक
मित्तल, ओबीसी मोर्चा से विनोद तोसावड़, धर्मबीर पानू सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद थे।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर

