प्रधानमंत्री के रूट को आकर्षण का केंद्र बनाने में जुटे अधिकारी

WhatsApp Channel Join Now
प्रधानमंत्री के रूट को आकर्षण का केंद्र बनाने में जुटे अधिकारी


जींद, 14 जुलाई (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आगामी 17 जुलाई के प्रस्तावित जींद दौरे को लेकर जिला प्रशासन द्वारा तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। फिलहाल प्रधानमंत्री के रूट का किसी को पता नहीं है। बावजूद इसके प्रधानमंत्री के रूट को आकर्षण का केंद्र बनाने में अधिकारी जुट गए हैं।

इसी क्रम में आईएएस अधिकारी यश जालुका ने नगर निगम के अधिकारियों एवं विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ ऐतिहासिक रानी तालाब सहित प्रधानमंत्री के प्रस्तावित रूट तथा शहर के प्रमुख स्थलों का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि तालाब परिसर का सौंदर्यीकरण कार्य युद्धस्तर पर पूरा किया जाए।

परिसर की दीवारों, रेलिंग, प्रवेश द्वार एवं अन्य संरचनाओं पर आवश्यकतानुसार पेंट करवाया जाए ताकि यह स्थल अपनी ऐतिहासिक गरिमा के अनुरूप आकर्षक दिखाई दे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के प्रस्तावित रूट पर हरित वातावरण बनाने के लिए पर्याप्त संख्या में सजावटी गमले लगाए जाएं तथा मार्ग के दोनों ओर साफ-सफाई एवं सौंदर्यीकरण पर विशेष ध्यान दिया जाए।

इस दौरान नगर निगम के डीएमसी अनिल कुमार दून सहित नगर निगम, बिजली विभाग, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। निरीक्षण के दौरान यश जालुका ने कहा कि प्रधानमंत्री का जींद दौरा पूरे जिले के लिए गौरव का विषय है। ऐसे में सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ अपने-अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए प्रत्येक कार्य को निर्धारित समय सीमा में उच्च गुणवत्ता के साथ पूरा करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि तैयारियों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी तथा प्रत्येक व्यवस्था का बारीकी से निरीक्षण किया जाएगा।

उन्होंने बिजली विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रधानमंत्री के रूट पर कहीं भी ढीली अथवा लटकती हुई बिजली की तारें दिखाई नहीं देनी चाहिए। सभी विद्युत पोल, ट्रांसफार्मर एवं बिजली संबंधी अन्य व्यवस्थाओं की तकनीकी जांच कर आवश्यक सुधार तुरंत किए जाएं। शहर के विभिन्न स्थानों पर पर्याप्त संख्या में डस्टबिन स्थापित किए जाएं ताकि आमजन भी स्वच्छता बनाए रखने में सहयोग कर सकें। उन्होंने सीवरेज व्यवस्था का भी निरीक्षण किया और अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर के किसी भी सीवर का ढक्कन खुला नहीं रहना चाहिए। सभी सीवर लाइनों की समय रहते सफाई सुनिश्चित की जाए ताकि बरसात के मौसम में जलभराव की स्थिति उत्पन्न न हो।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / विजेंद्र मराठा

Share this story