सिरसा: युवा राष्ट्र निर्माण के वाहक और वैश्विक मंच पर भारत के रोल मॉडल: सतीश कुमार

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सिरसा: युवा राष्ट्र निर्माण के वाहक और वैश्विक मंच पर भारत के रोल मॉडल: सतीश कुमार


सिरसा, 21 फ़रवरी (हि.स.)। स्वदेशी जागरण मंच के राष्ट्रीय सह संगठक सतीश कुमार ने कहा कि भारत की युवा जनसंख्या देश की सबसे बड़ी ताकत है। भारतीय युवा राष्ट्र निर्माण के वाहक और वैश्विक मंच पर भारत के रोल मॉडल हैं। सतीश कुमार शनिवार को सिरसा के चौ. देवीलाल विश्वद्यिालय में आयोजित स्वदेशी संकल्पना-आत्मनिर्भर भारत विषय पर आयोजित गोष्ठी को संबोधित कर रहे थे। पावर प्वाइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से उन्होंने स्वदेशी के विविध आयामों-विज्ञान एवं तकनीक में आत्मनिर्भरता, सुदृढ़ अर्थव्यवस्था, पर्यावरण-संवेदनशील विकास और वैश्विक दृष्टिकोण को रेखांकित किया। उन्होंने यह भी बताया कि नई दिल्ली में आयोजित एआई मेले में देश-विदेश की शीर्ष तकनीकी कंपनियों और विशेषज्ञों की सक्रिय भागीदारी भारत की तकनीकी क्षमता का प्रमाण है।

सीडीएलयू के कुलपति प्रो. विजय कुमार ने उच्च शिक्षा में चरित्र, सृजनात्मकता और दक्षता की महत्ता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि चरित्र से आशय नैतिक मूल्यों, सामाजिक उत्तरदायित्व और राष्ट्रभक्ति से है, जो विद्यार्थियों को संवेदनशील नागरिक बनाता है। सृजनात्मकता नवाचार, शोध और समस्या-समाधान की क्षमता को विकसित करती है, जिससे विद्यार्थी बदलते वैश्विक परिदृश्यों में नए समाधान प्रस्तुत कर सकें। वहीं दक्षता ज्ञान, कौशल और व्यावहारिक प्रशिक्षण का समन्वय है, जो विद्यार्थियों को रोजगारोन्मुख और प्रतिस्पर्धी बनाता है। उन्होंने बताया कि सीडीएलयू इन तीनों स्तंभों पर आधारित शिक्षा प्रणाली को सशक्त बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

कुलपति ने कहा की तीन करोड़ रुपये से अधिक की लागत के साथ सीडीएलयू में इन्क्यूबेशन सेंटर विकसित किया जा रहा है, जो इस जिले के उधमियों और किसानों के लिए वरदान साबित होगा।

स्वदेशी जागरण मंच के प्रांत संगठक कुलदीप कुमार ने स्वदेशी विचारधारा के सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आत्मनिर्भर भारत की संकल्पना जनभागीदारी से ही साकार हो सकती है। स्वदेशी विचार भारत की आत्मा से जुड़ा आंदोलन है, जो आत्मनिर्भरता के साथ-साथ सामाजिक समरसता को भी मजबूत करता है। इस मौके पर भाजपा नेता जगदीश चोपड़ा, प्रो. डीपी वारने, प्रो. रामेहर दीक्षित, पविकांत, राजकुमार, दर्शन चावला सहित अनेक शिक्षाविद् मौजूद रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / Dinesh Chand Sharma

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