रेवाड़ी में बेसहारा पशुओं पर सख्ती, दो हजार पशु पकड़ने का टेंडर जारी

WhatsApp Channel Join Now
रेवाड़ी में बेसहारा पशुओं पर सख्ती, दो हजार पशु पकड़ने का टेंडर जारी


नगर परिषद ने कंपनी को दिया जिम्मा, पशुपालकों पर भी होगी कार्रवाई

रेवाड़ी, 20 मार्च (हि.स.)। रेवाड़ी नगर परिषद ने शहर में सड़कों पर घूमने वाले बेसहारा पशुओं की समस्या से निपटने के लिए बड़ा कदम उठाया है। परिषद ने दो हजार पशुओं को पकड़ने के लिए एक निजी कंपनी को टेंडर जारी किया है। खास बात यह है कि इस कार्य के लिए कोई निश्चित समय सीमा तय नहीं की गई है। कंपनी जैसे ही निर्धारित संख्या में पशु पकड़ लेगी, उसका कार्य पूर्ण मान लिया जाएगा।

नगर परिषद के कार्यकारी अभियंता अंकित वशिष्ठ ने शुक्रवार को जानकारी देते हुए बताया कि टेंडर अलॉट होने के बाद कंपनी को वर्क ऑर्डर भी जारी कर दिया गया है। कंपनी को जल्द से जल्द अभियान शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए एक निगरानी सिस्टम भी तैयार किया गया है, जिसके तहत शहर की मुख्य सड़कों और गलियों में घूमने वाले पशुओं को चिन्हित कर पकड़ा जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सड़कों पर पशु छोड़ने वाले पशुपालकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। नगर परिषद का उद्देश्य न केवल सड़कों को सुरक्षित बनाना है, बल्कि यातायात व्यवस्था को भी सुचारु करना है।

इस योजना के तहत नगर परिषद एक पशु को पकड़ने पर करीब 1880 रुपये खर्च करेगी। टेंडर में पशुओं को तीन श्रेणियों गाय, सांड और बछड़े-बछड़ी में बांटा गया है, जिनके लिए अलग-अलग दरें निर्धारित की गई हैं। कंपनी को कुल 500 गाय, 1200 सांड और 300 बछड़े-बछड़ी पकड़ने का लक्ष्य दिया गया है। साथ ही, पकड़े गए पशुओं की सटीक संख्या का रिकॉर्ड रखना भी कंपनी की जिम्मेदारी होगी।

गौरतलब है कि पिछले कुछ वर्षों में भी इस दिशा में प्रयास किए गए हैं। वर्ष 2021 में 1300 गोवंश पकड़े गए थे, जबकि 2022, 2023 और 2024 में यह संख्या बढ़कर लगभग 1500 प्रति वर्ष हो गई। वहीं, 2025 में 1700 से अधिक गोवंश पकड़े गए, जिससे समस्या में आंशिक सुधार देखा गया। अब नए टेंडर से इस दिशा में और प्रभावी कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है।

हिन्दुस्थान समाचार / श्याम सुंदर शुक्ला

Share this story