रेवाड़ी में डिलीवरी के बाद महिला की मौत, परिजनों ने किया हंगामा
रेवाड़ी, 12 अक्टूबर (हि.स.)। शहर के मोहल्ला संघी का बास निवासी पूनम की रविवार देर रात सिजेरियन डिलीवरी के बाद महाराजा अस्पताल में मौत हो गई। महिला ने रविवार सुबह करीब नौ बजे बेटी को जन्म दिया था। परिजनों के अनुसार, डिलीवरी के कुछ घंटे बाद उसे ब्लीडिंग शुरू हो गई। हालत बिगड़ने पर दोबारा ऑपरेशन भी किया गया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। महिला की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा किया और इलाज में लापरवाही के आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की।
परिजनों का आरोप है कि डिलीवरी के दौरान और उसके बाद महिला के उपचार में लापरवाही बरती गई। उनका कहना है कि पूनम की हालत गंभीर होने के बावजूद उन्हें समय पर स्थिति की पूरी जानकारी नहीं दी गई। महिला की मौत की सूचना मिलने के बाद स्वजन आक्रोशित हो गए और अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू कर दिया। इससे वहां तनाव का माहौल बन गया।
हंगामे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों को समझाने का प्रयास किया। परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग उठाई। वहीं, अस्पताल की चिकित्सक दीप्ति तनेजा ने इलाज में लापरवाही के आरोपों से इनकार किया है। उनका कहना है कि महिला की मौत अधिक रक्तस्राव होने के कारण हुई। ब्लीडिंग रोकने के लिए उपचार किया गया और हालत बिगड़ने पर दोबारा ऑपरेशन भी किया गया, लेकिन महिला को बचाया नहीं जा सका।
घटना के बाद महिला की मौत को लेकर परिजनों और अस्पताल प्रबंधन के दावों में अंतर सामने आया है। ऐसे में मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए मामले की निष्पक्ष जांच जरूरी है। जांच के बाद ही उपचार में किसी प्रकार की लापरवाही होने या नहीं होने की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / श्याम सुंदर शुक्ला

