मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव अरुण गुप्ता आज होंगे सेवानिवृत्त

WhatsApp Channel Join Now

-एक्सटेंशन और री-एम्प्लॉयमेंट पर टिकी निगाहें

चंडीगढ़, 29 सितंबर (हि.स.)। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के प्रधान सचिव तथा 1992 बैच के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अरुण कुमार गुप्ता बुधवार को सेवानिवृत्त होंगे। गुप्ता वर्तमान में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव के साथ वित्त एवं योजना विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव का अतिरिक्त कार्यभार भी संभाल रहे हैं। प्रशासनिक गलियारों में चर्चा है कि 60 वर्ष की आयु पूरी करने के बाद उन्हें आईएएस सेवा में विस्तार मिलेगा या सेवानिवृत्ति के बाद किसी अन्य व्यवस्था के तहत जिम्मेदारी सौंपी जाएगी।

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के एडवोकेट एवं प्रशासनिक मामलों के जानकार हेमंत कुमार के अनुसार, विशेष परिस्थितियों में संबंधित राज्य सरकार वरिष्ठ आईएएस अधिकारी को सेवा-विस्तार देने के लिए केंद्र सरकार को सिफारिश भेज सकती है। ऐसे मामलों में केंद्र स्तर पर निर्धारित प्रक्रिया के तहत निर्णय लिया जाता है। वित्तीय एवं बजट निर्माण जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में अधिकारी की भूमिका को भी प्रस्ताव के तथ्यात्मक आधार के रूप में रखा जा सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 60 वर्ष के बाद आईएएस में सेवा-विस्तार सामान्य सेवानिवृत्ति से अलग विशेष व्यवस्था है और इसके लिए सक्षम केंद्रीय प्राधिकारी की मंजूरी आवश्यक होती है।

हेमंत कुमार ने 2009 बैच के आईएएस अधिकारी मुकेश आहूजा का उदाहरण देते हुए बताया कि मार्च 2026 के अंत में सेवानिवृत्ति के बाद उन्हें 1 अप्रैल से 30 जून 2026 तक तीन महीने की पुनर्नियुक्ति दी गई थी। इस दौरान उन्होंने हरियाणा लोक सेवा आयोग के सचिव के रूप में कार्य किया और कुछ समय हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड के मुख्य प्रशासक का अतिरिक्त कार्यभार भी संभाला। ऐसे में अरुण गुप्ता के मामले में 30 सितंबर की सेवानिवृत्ति के बाद केंद्र से आईएएस में सेवा-विस्तार अथवा अलग कानूनी प्रक्रिया के तहत राज्य सरकार द्वारा सीमित अवधि की पुनर्नियुक्ति की संभावनाओं को लेकर नियमगत पहलुओं पर चर्चा है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा

Share this story