जींद: 350 करोड़ रूपये की लागत से बन रहे बड़ौदी वाटर वर्क्स परियोजना से बुझेगी प्यास
जींद, 07 सितंबर (हि.स.)। हरियाणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर डा. कृष्ण मिड्ढा ने कहा कि जींद शहर की पेयजल व्यवस्था को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप मजबूत करने के लिए बड़ौदी में लगभग 350 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया जा रहा वाटर वर्क्स एक ऐतिहासिक परियोजना है। परियोजना के पूरा होने के बाद जींद शहरवासियों को भाखड़ा का स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण नीला पानी उपलब्ध होगा और आगामी लगभग 50 वर्षों तक शहर की पेयजल जरूरतों को पूरा करने में यह परियोजना महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
हरियाणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर डा. कृष्ण मिड्ढा सोमवार को प्रशासनिक अधिकारियों के साथ गांव बड़ौदी में निर्माणाधीन वाटर वर्क्स का मौके पर निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति, गुणवत्ता तथा परियोजना से संबंधित अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी ली और अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्य को निर्धारित समय सीमा में पूरा करवाने के लिए हर स्तर पर प्रभावी मॉनिटरिंग की जाए। डा. मिड्ढा ने कहा कि गांव बड़ौदी में प्रदेश के सबसे बड़े वाटर वक्र्स में शामिल इस परियोजना का निर्माण कार्य पूरी गति से चल रहा है।
वाटर वर्क्स के साथ-साथ आवश्यक पाइपलाइन बिछाने का कार्य भी तेजी से किया जा रहा है। परियोजना के पूरा होने से जींद शहर को न केवल पर्याप्त पेयजल उपलब्ध होगा बल्कि आने वाले वर्षों में बढ़ती आबादी के अनुरूप पेयजल व्यवस्था को भी मजबूत आधार मिलेगा। उन्होंने कहा कि स्वच्छ पेयजल प्रत्येक नागरिक का मूल अधिकार और मूलभूत आवश्यकता है। इसलिए इतनी महत्वपूर्ण परियोजना में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए। निर्माण कार्य में निर्धारित मापदंडों का पूरी तरह पालन सुनिश्चित किया जाए तथा संबंधित विभाग आपसी तालमेल के साथ कार्य करते हुए परियोजना को जल्द से जल्द पूरा करवाएं।
निरीक्षण से पहले डिप्टी स्पीकर ने स्थानीय लोक निर्माण विश्राम गृह में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ जिले में चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि जींद शहर के बाईपास पर लगभग 15 किलोमीटर क्षेत्र में लाइटिंग एवं ब्यूटीफिकेशन का कार्य करवाया जा रहा है। यह कार्य पूरा होने के बाद जींद शहर का बाहरी स्वरूप और अधिक आकर्षक एवं सुंदर दिखाई देगा। दूसरे जिलों एवं क्षेत्रों से जींद आने वाले लोगों को शहर में प्रवेश करते ही बेहतर एवं सुंदर वातावरण दिखाई देना चाहिए।
हिन्दुस्थान समाचार / विजेंद्र मराठा

