तीजड़ी पर्व के लिए सिंधी समाज की 200 महिलाओं ने सामूहिक रूप से रचाई मेहंदी
धमतरी, 29 अगस्त (हि.स.)। पूज्य सिंधी पंचायत एवं सिंध शक्ति महिला संगठन के संयुक्त नेतृत्व में तीजड़ी पर्व के उपलक्ष्य में 29 अगस्त को आमापारा स्थित पूज्य सिंधी पंचायत भवन में निश्शुल्क सामूहिक मेहंदी कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में करीब 200 महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपने हाथों पर आकर्षक मेहंदी रचाई। करीब 50 लोगों ने मेहंदी लगाने की सेवा प्रदान की। बड़ी संख्या में महिलाओं के पहुंचने से आयोजन स्थल पर उत्साह और उल्लास का माहौल रहा। मेहंदी लगाते हुए महिलाएं सिंधी गीतों पर थिरकती रहीं और सामूहिक रूप से तीजड़ी के पारंपरिक गीत गाए।
आयोजन को और रोचक बनाने के लिए विभिन्न खेलों का आयोजन कर विजेताओं को पुरस्कार भी वितरित किए गए। सामूहिक मेहंदी का यह अनूठा आयोजन सिंधी समाज की परंपरा, संस्कृति और आपसी एकजुटता की सुंदर झलक प्रस्तुत करता नजर आया। कार्यक्रम में पूज्य सिंधी पंचायत के अध्यक्ष चंदू जसवानी, उपाध्यक्ष रामचंद्र वाधवानी सहित अशोक वाधवानी, अशोक डुमबानी, नरेश शामनानी, पुरुषोत्तम वाशानी, अमर पिंजानी, महेश रामरख्यानी, अशोक चारवानी, रोमी सावलानी, बंटी वाधवानी, सुनील रेवलानी, महेश लच्छवानी तथा सिंध शक्ति महिला संगठन की अध्यक्ष पार्वती वाधवानी सहित साक्षी वाधवानी, प्रिया पंजवानी, कुमकुम रेवलानी समेत बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे।
समाजजनों ने बताया कि सिंधी समाज में तीजड़ी यानी तीजा पर्व का विशेष धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व है। इस अवसर पर महिलाएं माता पार्वती और भगवान शिव की आराधना करते हुए पति की लंबी आयु एवं परिवार की सुख-समृद्धि की कामना करती हैं। महिलाएं पर्व के अवसर पर व्रत रखती हैं और चंद्रमा के दर्शन के बाद ही व्रत खोलती हैं। तीजड़ी माता की स्थापना कर जल अर्पित किया जाता है तथा शाम को सामूहिक रूप से तीजड़ी की कथा सुनी जाती है। कथा और पूजा के दौरान महिलाएं नए वस्त्र धारण कर सोलह श्रृंगार करती हैं। सिंधी समाज की परंपरा में सुहाग के प्रतीक के रूप में हाथों में मेहंदी लगाना भी पर्व का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है। इसी परंपरा को सामूहिक रूप से जीवंत करते हुए आयोजित निश्शुल्क मेहंदी कार्यक्रम ने तीजड़ी पर्व के उल्लास को और बढ़ा दिया।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा

