समभाव और वैराग्य का पालन करना ही सच्ची गुरुभक्ति है: स्वामी भगत प्रकाश महाराज

WhatsApp Channel Join Now
समभाव और वैराग्य का पालन करना ही सच्ची गुरुभक्ति है: स्वामी भगत प्रकाश महाराज


समभाव और वैराग्य का पालन करना ही सच्ची गुरुभक्ति है: स्वामी भगत प्रकाश महाराज


श्री प्रेमप्रकाश आश्रम में हो रहे विविध आयोजन

गुरुदेव टेऊंराम जी के 140वें जन्मोत्सव पर चालीहा महोत्सव का 27वां दिन

धमतरी, 06 जुलाई (हि.स.)। श्री प्रेमप्रकाश आश्रम में गुरुदेव टेऊंराम जी महाराज का 140 वां जन्मोत्सव उत्साह से मनाया जा रहा है। इस अवसर पर प्रतिदिन श्री प्रेम प्रकाश आश्रम, धमतरी में चालीहा महोत्सव के तहत विविध आयोजन हो रहे हैं। आयोजन का 27वां दिन श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास के वातावरण में संपन्न हुआ।

महोत्सव के दौरान श्री प्रेम प्रकाश मण्डल के पंचम पीठाधीश्वर गुरुवर स्वामी भगत प्रकाश जी महाराज ने सोशल मीडिया के माध्यम से 'प्रणाम चालीसा' का एक प्रेरणादायी छंद श्रद्धालुओं तक पहुंचाया। आध्यात्मिक भावार्थ की व्याख्या करते हुए कहा कि गुरुदेव अनुकूल परिस्थितियों में कभी आसक्त नहीं हुए और प्रतिकूल परिस्थितियों में भी मन में द्वेष या नफरत को स्थान नहीं दिया। उनके लिए अपना-पराया, मित्र-शत्रु तथा सभी जीव समान थे। वे दुख देने वालों में भी ईश्वर का ही स्वरूप देखते थे, क्योंकि उनके लिए परमात्मा सर्वव्यापक, सर्वसमर्थ और सर्वज्ञ था। जब हर प्राणी में ईश्वर का दर्शन होने लगे तो मित्र और शत्रु का भेद स्वतः समाप्त हो जाता है। गुरुदेव टेऊंराम जी महाराज का संपूर्ण जीवन राग-द्वेष से मुक्त समदृष्टि का अनुपम उदाहरण था।

उन्होंने बताया कि गुरुवर ने कहा कि संसार में रहते हुए भी मन को राग-द्वेष से मुक्त रखकर समभाव और वैराग्य का पालन करना ही सच्ची गुरुभक्ति है। राग-द्वेष से परे जीवन जीने की प्रेरणा देने वाले गुरुदेव के सान्निध्य को स्मरण करते हुए रायपुर से पहुंचे भक्तों ने गुरु महिमा से ओतप्रोत भजनों की मनमोहक प्रस्तुति दी। भजनों की मधुर स्वर लहरियों से पूरा आश्रम भक्तिरस में सराबोर हो गया।

सत्संग में उपस्थित श्रद्धालु ईश्वर भक्ति में लीन होकर तालियों और गुरुदेव के जयकारों के साथ भक्ति का आनंद लेते रहे। इस अवसर पर चालीसा पाठ का आयोजन सीमा आहूजा, सूरज आहूजा एवं रवि आहूजा के परिवार द्वारा श्रद्धापूर्वक कराया गया। पूरे आयोजन के दौरान आश्रम परिसर भक्तिमय वातावरण से सराबोर रहा और श्रद्धालुओं ने गुरुदेव टेऊंराम जी महाराज को श्रद्धापूर्वक नमन कर उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में काफी संख्या में समाजजन मौजूद थे।

हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा

Share this story