मड़वापथरा के जनमन भवन पर प्रशासन घिरा, अरुण सार्वा ने उठाए सवाल
धमतरी , 08 जून (हि.स.)। मगरलोड विकासखंड के ग्राम मड़वापथरा में प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत 60 लाख रुपये की लागत से निर्मित बहुउद्देशीय केंद्र भवन को लेकर विवाद गहरा गया है। जिस भवन के लोकार्पण कार्यक्रम को प्रशासन ने अंतिम समय में निरस्त कर दिया, उसी भवन में बाद में प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा जनसमूह के साथ कार्यक्रम आयोजित किए जाने पर जिला पंचायत अध्यक्ष अरुण सार्वा ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
उन्होंने इसे जनप्रतिनिधियों की उपेक्षा और प्रशासनिक मनमानी बताते हुए पूरे मामले की शिकायत मुख्यमंत्री, प्रभारी मंत्री, भाजपा संगठन और प्रधानमंत्री कार्यालय तक करने की चेतावनी दी है।
जिला पंचायत अध्यक्ष अरुण सार्वा ने आरोप लगाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री जनमन योजना के अंतर्गत निर्मित बहुउद्देशीय केंद्र भवन क्षेत्र की जनता को समर्पित किया जाना था। इसके लिए विधिवत लोकार्पण कार्यक्रम प्रस्तावित था, जिसमें जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति तय थी और ग्रामीणों में भी उत्साह का माहौल था, लेकिन अंतिम समय में प्रशासन द्वारा कार्यक्रम निरस्त कर दिया गया।
लोकार्पण कार्यक्रम रद्द होने के बाद प्रशासनिक अधिकारी उसी भवन में पहुंचे और वहां जनसमूह की मौजूदगी में कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस घटनाक्रम ने ग्रामीणों के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों के बीच भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। यदि भवन किसी कारणवश उद्घाटन योग्य नहीं था या लोकार्पण कार्यक्रम स्थगित करने की कोई वैध वजह थी, तो उसी भवन में प्रशासनिक कार्यक्रम आयोजित करने का औचित्य क्या था। वहीं यदि भवन पूरी तरह तैयार और उपयोग योग्य था, तो फिर जनता और जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में प्रस्तावित लोकार्पण कार्यक्रम को रोकने का कारण क्या था। प्रशासन को इन सवालों का स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
जिला पंचायत अध्यक्ष अरूण सार्वा ने कहा कि यह केवल एक भवन के उद्घाटन का मामला नहीं है, बल्कि लोकतांत्रिक परंपराओं और निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के सम्मान से जुड़ा विषय है। विकास कार्य जनता के धन से निर्मित होते हैं और उनका लोकार्पण जनता के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में होना लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है। ऐसे में कार्यक्रम निरस्त कर बाद में उसी भवन में प्रशासनिक आयोजन करना उचित प्रतीत नहीं होता। उन्होंने कहा कि पूरे घटनाक्रम को लेकर मड़वापथरा सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में भी असमंजस और नाराजगी का माहौल है।
अरूण सार्वा ने आरोप लगाते हुए कहा है कि प्रधानमंत्री जनमन योजना देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की महत्वपूर्ण योजनाओं में शामिल है, जिसका उद्देश्य विशेष पिछड़ी जनजातियों एवं दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार करना है। ऐसी महत्वपूर्ण योजना के अंतर्गत निर्मित भवन के लोकार्पण को लेकर उत्पन्न यह स्थिति दुर्भाग्यपूर्ण है और इसकी निष्पक्ष समीक्षा आवश्यक है। उन्होंने कहा कि पूरे घटनाक्रम की जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग भी की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा

