जांजगीर-चांपा में 89 स्कूल बसों और वैनों की फिटनेस जांच, 10 चालकों पर कार्रवाई
जांजगीर-चांपा, 20 जून (हि. स.)। नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत से पहले स्कूली बच्चों की सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आज शनिवार काे जांजगीर-चांपा पुलिस और परिवहन विभाग ने संयुक्त रूप से विशेष वाहन जांच शिविर का आयोजन किया।
पुलिस लाइन खोखरा भांठा, जांजगीर में आयोजित इस शिविर में 89 स्कूल बसों और वैनों की फिटनेस, सुरक्षा मानकों और आवश्यक दस्तावेजों की गहन जांच की गई। साथ ही वाहन चालकों और हेल्परों का स्वास्थ्य परीक्षण एवं नेत्र परीक्षण भी कराया गया।
पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय (आईपीएस) के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात उदयन बेहार के नेतृत्व में आयोजित इस अभियान में जिला परिवहन विभाग, स्वास्थ्य विभाग और यातायात पुलिस की टीम ने संयुक्त रूप से भाग लिया। अधिकारियों ने बताया कि आगामी शिक्षण सत्र को देखते हुए यह पहल बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए की गई है।
जांच अभियान के दौरान सभी स्कूल वाहनों का पंजीयन कर निर्धारित 16 बिंदुओं पर उनका भौतिक सत्यापन और तकनीकी निरीक्षण किया गया। टीम ने वाहनों के पंजीयन प्रमाण पत्र, परमिट, बीमा, फिटनेस प्रमाण पत्र, चालक लाइसेंस सहित अन्य आवश्यक दस्तावेजों की जांच की। इसके अलावा स्कूल बसों में सीट बेल्ट, स्पीड गवर्नर, जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम, सीसीटीवी कैमरा और फर्स्ट एड बॉक्स जैसी सुरक्षा सुविधाओं का भी परीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान कई वाहनों में नियमों के उल्लंघन और तकनीकी खामियां सामने आईं। इस पर परिवहन विभाग ने मोटर वाहन अधिनियम के तहत 10 वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कुल सात हजार रुपये का समन शुल्क वसूल किया। अधिकारियों ने संबंधित वाहन संचालकों को कमियों को शीघ्र दूर करने के निर्देश भी दिए।
शिविर में स्वास्थ्य विभाग की विशेषज्ञ टीम ने सभी वाहन चालकों और हेल्परों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। विशेष रूप से चालकों की दृष्टि क्षमता की जांच कर यह सुनिश्चित किया गया कि वे बच्चों को सुरक्षित रूप से स्कूल पहुंचाने के लिए शारीरिक रूप से सक्षम हैं। चिकित्सकों ने आवश्यक स्वास्थ्य संबंधी सुझाव भी दिए।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात उदयन बेहार ने वाहन चालकों को संबोधित करते हुए सड़क सुरक्षा नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्कूली बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने चालकों को निर्धारित गति सीमा का पालन करने, सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करने और नशे की हालत में वाहन नहीं चलाने की सख्त हिदायत दी।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि भविष्य में भी ऐसे जांच शिविर नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे और यदि किसी वाहन में सुरक्षा संबंधी खामियां पाई जाती हैं तो संबंधित संचालकों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इस संयुक्त अभियान में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात उदयन बेहार, आरटीओ प्रदीप शर्मा, जिला परिवहन विभाग की टीम, स्वास्थ्य विभाग से डॉ. आशा कोसले, डॉ. आलोक दुबे, डॉ. पंचराम केवंट, हरिशंकर धीवर, श्रद्धा दुबे तथा यातायात शाखा के निरीक्षक सुभाष चौबे सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
स्कूली वाहनों की फिटनेस जांच और चालकों के स्वास्थ्य परीक्षण को लेकर चलाया गया यह अभियान जिले में बच्चों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे स्कूल प्रबंधन, अभिभावकों और प्रशासन के बीच सुरक्षा को लेकर जागरूकता भी बढ़ेगी।
हिन्दुस्थान समाचार/ लालिमा शुक्ला पुरोहित
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हिन्दुस्थान समाचार / LALIMA SHUKLA PUROHIT

