कर्मचारी संघ ने दशहरा-दीपावली अवकाश बढ़ाने की मांग
जगदलपुर, 22 सितंबर (हि.स.)। स्कूल शिक्षा विभाग ने दशहरा पर 17 से 21 अक्टूबर और दीपावली पर 6 से 10 नवंबर तक 5-5 दिन का अवकाश घोषित किया है। रविवार को अलग करने पर प्रभावी छुट्टी चार दिन रह जाती है। दूर-दराज और दूसरे जिलों बच्चों के लिए इस अवधि में घर जाकर लौटना ही बड़ी चुनौती है।
छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ ने अवकाश बढ़ाने की मांग की है। संघ के अनुसार कई शिक्षक भी गृह स्थान से दूर पदस्थ हैं। कम छुट्टी में यात्रा और परिवार के साथ समय, दोनों प्रभावित होते हैं। संघ ने प्रमुख त्योहारों पर अवकाश बढ़ाने की मांग की गई है। सदस्यों ने बताया कि विभाग ने 24 से 28 दिसंबर तक शीतकालीन अवकाश भी घोषित किया है। संघ का कहना है कि त्योहारों की छुट्टी तय करते समय दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले बच्चों और शिक्षकों की यात्रा को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए।
छत्तीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के प्रदेश महामंत्री गजेंद्र श्रीवास्तव, संभागीय अध्यक्ष अतुल शुक्ला और बस्तर जिला अध्यक्ष संजय चौहान ने मुख्यमंत्री, शिक्षा मंत्री और स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव को अवकाश में संशोधन के लिए पत्र भेजने की बात कही है। कर्मचारी संघ के प्रदेश महामंत्री गजेंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि प्रदेश के हजारों विद्यार्थी घर से दूर छात्रावासों में रहकर पढ़ते हैं। प्रयास जैसी संस्थाओं में अलग-अलग जिलों के बच्चे रहते हैं।
दशहरा और दीपावली प्रमुख त्योहार हैं, इसलिए बच्चों की इच्छा रहती है कि वे घर जाकर माता-पिता और परिवार के साथ त्योहार मनाएं। लेकिन दूरस्थ गांवों और दूसरे जिलों तक पहुंचने में लंबा सफर करना पड़ता है। आने और लौटने में ही एक-एक दिन निकल जाता है। उन्हाेने कहा कि त्योहारों की छुट्टी तय करते समय दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले बच्चों और शिक्षकों की यात्रा को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए।
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हिन्दुस्थान समाचार / राकेश पांडे

