खेत-खेत होगा डिजिटल सर्वे, धान खरीद में नहीं होगी परेशानी
बलरामपुर, 20 अगस्त (हि.स.)। किसानों के खेत और फसल का सही रिकॉर्ड तैयार करने के लिए जिले में डिजिटल क्रॉप सर्वे (डीसीएस) शुरू हो गया है। आज गुरुवार को प्रशासन ने किसानों से एग्रीस्टैक किसान रजिस्ट्री में पंजीयन कराने और अपने खेत का डिजिटल क्रॉप सर्वे समय पर पूरा कराने की अपील की है। इससे समर्थन मूल्य पर धान बेचने के दौरान किसानों को परेशानी से बचने में मदद मिलेगी।
डिजिटल क्रॉप सर्वे के तहत सर्वेक्षक खेत पर जाकर मोबाइल ऐप के माध्यम से फसल की जानकारी दर्ज करेगा। इसमें खेत की वास्तविक स्थिति, फसल का विवरण और जीपीएस लोकेशन दर्ज की जाएगी। इसके बाद जानकारी का डिजिटल सत्यापन कर रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा।
धान बेचने के लिए डीसीएस जरूरी
समर्थन मूल्य पर धान बेचने के लिए किसानों के खेतों का डिजिटल क्रॉप सर्वे पूरा होना महत्वपूर्ण है। सर्वे के जरिए खेत में लगी फसल और उसके रकबे की वास्तविक जानकारी दर्ज की जाएगी। इससे धान खरीदी के समय फसल संबंधी जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सकेगी।
प्रशासन के अनुसार जिन किसानों के खेतों का डीसीएस पूरा नहीं होगा या फसल की जानकारी में गलती होगी, उन्हें धान बेचते समय परेशानी हो सकती है। इसलिए किसानों को समय रहते अपने खेत का सर्वे पूरा कराने की सलाह दी गई है।
सरकारी योजनाओं में भी मिलेगी सुविधा
डिजिटल रिकॉर्ड तैयार होने से किसानों की फसल संबंधी जानकारी पारदर्शी और सटीक तरीके से उपलब्ध रहेगी। इससे कृषि विभाग की योजनाओं और सेवाओं का लाभ दिलाने में भी सुविधा होगी। किसानों को समर्थन मूल्य का लाभ लेने और फसल संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने में डीसीएस मददगार होगा।
प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे एग्रीस्टैक किसान रजिस्ट्री में अपना पंजीयन पूरा कराएं और अपने खेत का डिजिटल क्रॉप सर्वे जरूर करवाएं। किसी तरह की जानकारी या सहायता के लिए किसान अपने पटवारी या तहसील कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / विष्णु पांडेय

