विद्यार्थियों ने स्टॉलों का भ्रमण कर नवीन कानून, साइबर सुरक्षा, यातायात की ली जानकारी

WhatsApp Channel Join Now
विद्यार्थियों ने स्टॉलों का भ्रमण कर नवीन कानून, साइबर सुरक्षा, यातायात की ली जानकारी


रायगढ़ में दो दिवसीय नवीन आपराधिक कानून जनजागरूकता प्रदर्शनी एवं कार्यशाला का शुभारंभ

रायगढ़, 03 जुलाई (हि.स.)। जिले में नवीन आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन तथा आमजन में कानूनी जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से शुक्रवार काे दो दिवसीय तीन व चार जुलाई काे जनजागरूकता प्रदर्शनी एवं कार्यशाला का शुभारंभ किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी, नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा, डीएसपी उन्नति ठाकुर, एसडीओपी सिद्धांत तिवारी, डीएसपी उत्तम प्रताप सिंह एवं सुशांतो बनर्जी द्वारा मां सरस्वती के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।

कार्यक्रम के प्रथम चरण में मुख्य वक्ता अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी ने बताया कि नवंबर 2025 में आईआईएम नया रायपुर में आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन में प्रधानमंत्री, केंद्रीय गृहमंत्री तथा विभिन्न राज्यों के पुलिस महानिदेशक एवं पुलिस महानिरीक्षक शामिल हुए थे। सम्मेलन में थानों के आधुनिकीकरण, कृत्रिम बुद्धिमत्ता डेटा एनालिटिक्स, साइबर अपराध नियंत्रण, रियल टाइम इंटेलिजेंस शेयरिंग तथा ट्रस्ट-बेस्ड पुलिसिंग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई थी। कार्यशाला में इन सिफारिशों के प्रभावी क्रियान्वयन एवं पुलिस व्यवस्था को अधिक आधुनिक, पारदर्शी एवं जनोन्मुखी बनाने के संबंध में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया गया।

द्वितीय चरण में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल सोनी ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) एवं भारतीय साक्ष्य अधिनियम (बीएसए) सहित नवीन आपराधिक कानूनों के विभिन्न प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नए कानूनों का उद्देश्य त्वरित एवं प्रभावी न्याय, पीड़ित-केंद्रित न्याय व्यवस्था, डिजिटल एवं तकनीक आधारित पुलिसिंग, महिलाओं एवं बच्चों की बेहतर सुरक्षा, संगठित अपराध, साइबर अपराध एवं आतंकवाद पर प्रभावी नियंत्रण तथा समयबद्ध विवेचना एवं न्यायिक प्रक्रिया सुनिश्चित करना है। इस अवसर पर नवीन कानूनों के अंतर्गत उपयोग में आने वाले नवीन प्रपत्रों तथा थाना एवं कार्यालयों में संधारित किए जाने वाले रजिस्टरों पर भी विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया।

कार्यक्रम में नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा ने पुलिसिंग में उपयोग किए जा रहे विभिन्न डिजिटल पोर्टलों की जानकारी दी, जबकि डीएसपी उन्नति ठाकुर ने सीसीटीएनएस विषय पर अपना प्रस्तुतीकरण प्रस्तुत किया।

कार्यशाला के दौरान स्कूली बच्चों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने बच्चों से संवाद कर आयोजन की रूपरेखा से अवगत कराया और बताया कि दो दिवसीय प्रदर्शनी में नवीन कानून, यातायात सुरक्षा, महिला सुरक्षा (हेलो सिस्टर हेल्पलाइन) एवं साइबर अपराध जागरूकता पर आधारित चार प्रमुख स्टॉल लगाए गए हैं। एसएसपी ने बच्चों को नए कानूनों की आवश्यकता, उद्देश्य एवं उनके व्यावहारिक महत्व के बारे में सरल भाषा में जानकारी दी तथा प्रश्नोत्तरी के माध्यम से उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया। उन्होंने विद्यार्थियों एवं शिक्षकों का आयोजन में सहभागिता के लिए आभार भी व्यक्त किया।

इसके पश्चात विद्यार्थियों ने परिसर में लगाए गए सभी जागरूकता स्टॉलों का भ्रमण किया, जहां पुलिस अधिकारियों ने उन्हें नवीन आपराधिक कानूनों, सड़क सुरक्षा, महिला सुरक्षा, हेलो सिस्टर हेल्पलाइन तथा साइबर अपराध से बचाव संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। विद्यार्थियों ने पूरे उत्साह के साथ विभिन्न विषयों पर प्रश्न पूछे और विशेषज्ञ अधिकारियों से उनके समाधान प्राप्त किए। आयोजन के दौरान बच्चों के लिए अल्पाहार की भी व्यवस्था की गई। कार्यक्रम में जिले के सभी थाना एवं चौकी प्रभारी सहित शहर एवं ग्रामीण क्षेत्र के पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / रघुवीर प्रधान

Share this story