बाल विज्ञान कांग्रेस में 112 विद्यार्थियों ने दिखाया हुनर, रोशनी सिंह और इति दुबे ने हासिल किया पहला स्थान
बलरामपुर, 14 अक्टूबर (हि.स.)। विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच और नवाचार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय बलरामपुर में जिला स्तरीय राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस 2026 का आयोजन किया गया।
आज बुधवार को आयोजित कार्यक्रम में जिले के विभिन्न विद्यालयों के 112 बाल वैज्ञानिकों ने अपने शोध और नवाचार आधारित प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए। चयनित प्रतिभागी अब राज्य स्तरीय सम्मेलन में जिले का प्रतिनिधित्व करेंगे।
छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद, रायपुर के प्रायोजन में आयोजित इस सम्मेलन का मुख्य विषय ‘साइंस एंड इनोवेशन फॉर सस्टेनेबिलिटी’ रहा। इसके अंतर्गत पांच उपविषयों पर विद्यार्थियों ने अपने प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए। इनका उद्देश्य विज्ञान के माध्यम से स्थानीय समस्याओं के समाधान तलाशना और विद्यार्थियों में वैज्ञानिक चेतना विकसित करना था।
सीनियर वर्ग में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रनहत की रोशनी सिंह ने ‘जैविक नियंत्रण’ विषय पर प्रोजेक्ट प्रस्तुत कर प्रथम स्थान प्राप्त किया। शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शंकरगढ़ की अनुष्का कृषि एवं स्वास्थ्य विषय पर प्रोजेक्ट के साथ दूसरे स्थान पर रहीं। वहीं, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय केरता के पंकज कुमार ने ‘फूड, हेल्थ एवं आयुर्वेद’ विषय पर प्रोजेक्ट प्रस्तुत कर तीसरा स्थान हासिल किया।
जूनियर वर्ग में सेजेस अंग्रेजी माध्यम विद्यालय रामानुजगंज की इति दुबे ने ‘फ्यूचर ऑफ डिसेलिनेशन’ प्रोजेक्ट के लिए प्रथम स्थान प्राप्त किया। पूर्व माध्यमिक शाला बादा, विकासखंड राजपुर की नीतू सिंह पोषणयुक्त खाद्य पदार्थ के उत्पादन से संबंधित प्रोजेक्ट के साथ दूसरे स्थान पर रहीं। निर्णायकों ने प्रतिभागियों के प्रोजेक्ट की सराहना की।
आयोजक रविशंकर श्रीवास ने कहा कि जिले के विद्यार्थियों में विज्ञान गतिविधियों के प्रति रुचि बढ़ रही है। जिला स्तर पर चयनित प्रतिभागी 20 और 21 नवंबर 2026 को पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय, रायपुर में आयोजित राज्य स्तरीय बाल वैज्ञानिक सम्मेलन में हिस्सा लेंगे।
विद्यालय के प्राचार्य चंद्रशेखर प्रसाद गुप्ता ने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
हिन्दुस्थान समाचार / विष्णु पांडेय

