छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की ओटीएस -2 योजना को बड़ी सफलता, अब तक 62.5 प्रतिशत संपत्तियों का विक्रय
रायपुर , 24 अक्टूबर (हि.स.)। छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की वन टाइम सेटलमेंट योजना-2 ( ओटीएस -2) महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल कर रही है ।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व एवं आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की ओटीएस -2 योजना के अंतर्गत अब तक 62.5 प्रतिशत संपत्तियों का विक्रय किया जा चुका है। योजना के माध्यम से कुल 251.71 करोड़ रुपये मूल्य की 1,659 आवासीय एवं व्यावसायिक संपत्तियों का विक्रय हुआ है।
योजना के अंतर्गत कुल 2,656 संपत्तियों को विक्रय के लिए शामिल किया गया था। इनमें से अब केवल 997 संपत्तियां विक्रय के लिए शेष हैं, जिनका कुल मूल्य 134.40 करोड़ रुपये है।
वन टाइम सेटलमेंट योजना-2 की उपलब्धि पूर्व में संचालित योजना की तुलना में उल्लेखनीय रही है। सितंबर 2021 से मार्च 2024 तक संचालित पूर्ववर्ती वन टाइम सेटलमेंट योजना के अंतर्गत लगभग 511 करोड़ रुपये मूल्य की 2,591 आवासीय एवं व्यावसायिक संपत्तियों को शामिल किया गया था। इस अवधि में कुल 88.28 करोड़ रुपये मूल्य की 506 संपत्तियों का विक्रय हुआ था, जिसमें विक्रय का प्रतिशत 17.27 रहा था। वहीं वर्तमान OTS-2 योजना में अब तक 62.5 प्रतिशत संपत्तियों का विक्रय हो चुका है।
इस प्रकार पूर्ववर्ती योजना की तुलना में वर्तमान योजना के विक्रय प्रतिशत में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में 19 जनवरी 2025 को आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की पांच वर्ष से अधिक समय से अविक्रित आवासीय एवं व्यावसायिक संपत्तियों के एकमुश्त निपटान के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया था। इसके अंतर्गत ऐसी संपत्तियों को लागत मूल्य (बेस रेट) पर निर्धारित छूट प्रदान कर विक्रय करने की स्वीकृति दी गई थी।
मंत्रिपरिषद के निर्णय के अनुरूप 1 मार्च 2025 से वन टाइम सेटलमेंट योजना-2 प्रारंभ की गई। योजना में संपत्तियों के रिक्त रहने की अवधि तथा संबंधित परियोजना में रिक्त संपत्तियों के अनुपात के आधार पर 10, 20 एवं 30 प्रतिशत तक छूट का प्रावधान किया गया है।
छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के मुख्यालय में 23 अक्टूबर को मंडल आयुक्त अवनीश कुमार शरण ने ओटीएस -2 योजना की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने योजना के अंतर्गत अब तक विक्रय की गई संपत्तियों, शेष उपलब्ध आवासीय एवं व्यावसायिक इकाइयों तथा उनके विक्रय की संभावनाओं की जानकारी ली।
मंडल आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शेष संपत्तियों के विक्रय में तेजी लाने के साथ-साथ वहां उपलब्ध सुविधाओं को भी बेहतर बनाया जाए। विशेष रूप से आवासीय परिसरों में लिफ्ट की व्यवस्था, भवनों की आवश्यक मरम्मत, नियमित रखरखाव तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं से संबंधित कमियों को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए।
उन्होंने कहा कि आवासीय परियोजनाओं में आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता और बेहतर रखरखाव सुनिश्चित करने से संभावित खरीदारों का विश्वास बढ़ेगा तथा संपत्तियों के विक्रय में भी तेजी आएगी।
मंडल आयुक्त श्री शरण ने योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार और नागरिकों को उपलब्ध संपत्तियों की जानकारी देने के लिए रायपुर, नवा रायपुर एवं दुर्ग में आवास रथ प्रारंभ करने के निर्देश दिए हैं।
आवास रथ के माध्यम से इच्छुक नागरिकों को छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल की विभिन्न परियोजनाओं में उपलब्ध आवासीय एवं व्यावसायिक संपत्तियों की जानकारी देने के साथ-साथ उनका प्रत्यक्ष अवलोकन कराने की व्यवस्था की जाएगी।
आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना की जानकारी अधिक से अधिक नागरिकों तक पहुंचाई जाए। इसके लिए प्रभावी प्रचार-प्रसार के साथ इच्छुक खरीदारों को आवश्यक मार्गदर्शन और जानकारी उपलब्ध कराई जाए, ताकि निर्धारित अवधि में अधिकतम संपत्तियों का विक्रय सुनिश्चित किया जा सके।
हिन्दुस्थान समाचार / केशव केदारनाथ शर्मा

