चौदह साल बाद मिला अपहृत मो.मुन्ना उर्फ जावेद
अररिया 05 जनवरी(हि.स.)। जिले के बौसी थाना क्षेत्र के करैला गांव से 2012 को अपहृत हुए मो.मुन्ना को बौसी थाना पुलिस ने जिला बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष दीपक वर्मा उर्फ रिंकू वर्मा के समक्ष पेश किया,जिसमें बरामद मो.मुन्ना उर्फ जावेद पिता मो वासिल ने अपनी आपबीती जिला बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष को बताई।
मो.मुन्ना के अपहरण को लेकर बौसी थाना में मामला दर्ज किया गया था।पिछले वर्ष 26 दिसम्बर 2025 को करैला के ग्रामीणों ने मो.मुन्ना उर्फ मो.जावेद पिता मो.वासिल एवं माता जरीना खातून को पकड़कर बौसी पुलिस के हवाले किया था,जबकि इससे पूर्व पुलिस के द्वारा 5 अगस्त 2015 को मो. मुन्ना उर्फ जावेद को भरगामा थाना से मां जरीना खातून के साथ बरामद दिखाया गया था। उस समय बरामद लड़के को बीवी जरीना खातून द्वारा अपने बेटे मो.मुन्ना के रूप में पहचान की गई थी,जिसमें धारा 164 के बयान के आधार पर कोर्ट को जानकारी दी गई थी कि 7 साल पहले जावेद अन्य साथी के साथ मुन्ना को बनारस लेकर गया था जहां काम करवाने के बाद दिल्ली पंजाब लेकर चला गया और फिर वहां से मद्रास में ले जाकर बेच दिया। जावेद के चचेरा भाई सलीम मद्रास से मुन्ना को लाकर जदिया बाजार में छोड़ दिया था। मामले को लेकर अनुसंधानकर्ता द्वारा अभियुक्त मो.जावेद पिता मो. हासिम सहित दो अन्य के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट भी दाखिल किया गया था।जो मो. मुन्ना की बरामदगी के बाद गलत साबित हो रहा है।
मो. मुन्ना उर्फ जावेद की बरामदगी के बाद जरीना खातून ने जहां थाना से अपने बेटे को ले जाने से इनकार कर दिया था।वहीं करैला गांव के ही नौरेज आलम उर्फ नौरेज पिता मो यूसुफ के साथ मुन्ना ने जाने की इच्छा जाहिर की और फिर पीआर बॉन्ड पर मुन्ना को मुक्त किया गया।सोमवार को बरामद मो.मुन्ना नौरेज आलम के साथ बाल कल्याण समिति के समक्ष उपस्थित हुआ, जहां उन्होंने जिला बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष के समक्ष अपनी आपबीती सुनाई कि किस तरह भदोही,नागालैंड, बर्मा उन्हें ले जाया गया और मानव व्यापार के तहत जबरन उससे मजदूरी करवाया गया।मुन्ना और उसका परिवार इन दिनों आरएएस क्षेत्र में विस्थापितों की जिंदगी जी रहा है।
पूछताछ के बाद मुन्ना की सहमति के आधार पर बालिग हो जाने की स्थिति के कारण परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।मामले की जानकारी जिला बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष दीपक वर्मा उर्फ रिंकू वर्मा ने दी।
हिन्दुस्थान समाचार / राहुल कुमार ठाकुर

