सुपौल में चलेगा ‘जनभागीदारी अभियान, जनजाति बहुल गांवों में लगेंगे विशेष शिविर
सुपौल, 17 मई (हि.स.)। जिले के जनजाति बहुल गांवों में सरकारी योजनाओं और सुविधाओं को अंतिम पंक्ति तक पहुंचाने के उद्देश्य से 18 मई से 25 मई 2026 तक विशेष अभियान चलाया जाएगा।
जनजातीय कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देश पर अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग के माध्यम से यह अभियान आयोजित किया जा रहा है। अभियान का नाम ‘जनभागीदारी अभियानः सबसे दूर-सबसे पहले’ रखा गया है। अभियान का औपचारिक शुभारंभ 18 मई को जिला समाहरणालय स्थित लहटन चौधरी सभागार में जिला पदाधिकारी, सुपौल द्वारा किया जाएगा। इसके बाद 19 मई से 25 मई तक किशनपुर, त्रिवेणीगंज और बसंतपुर प्रखंड के चार चयनित अनुसूचित जनजाति बहुल गांवों में विशेष शिविर लगाए जाएंगे।
इन शिविरों में विभिन्न सरकारी सेवाओं से संबंधित आवेदन लिए जाएंगे और उनका मौके पर निष्पादन करते हुए प्रमाण-पत्र भी वितरित किए जाएंगे। साथ ही मेडिकल कैंप के माध्यम से स्वास्थ्य जांच एवं उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
अभियान के दौरान 21 मई से 23 मई तक जनसुनवाई कार्यक्रम भी आयोजित होगा, जिसमें अनुसूचित जनजाति समुदाय के लोगों की समस्याएं सुनकर उनके त्वरित समाधान का प्रयास किया जाएगा।
प्रशासन का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य दूरदराज और वंचित समुदायों तक सरकारी योजनाओं का लाभ सरल तरीके से पहुंचाना है।अभियान के सफल संचालन के लिए जिला कल्याण पदाधिकारी, सुपौल को नोडल पदाधिकारी बनाया गया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे शिविर में पहुंचकर सरकारी सेवाओं का लाभ उठाएं। अभियान से जुड़ी अतिरिक्त जानकारी के लिए संबंधित पंचायत के विकास मित्र या संबंधित प्रखंड के प्रखंड कल्याण पदाधिकारी से संपर्क किया जा सकता है।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र

