कटिहार में शुरू हुआ 'रोबो शाला' कार्यक्रम, सरकारी स्कूल के बच्चे सीखेंगे कोडिंग और रोबोटिक्स
कटिहार, 31 अक्टूबर (हि.स.)। नीति आयोग (भारत सरकार) और अटल इनोवेशन मिशन के तहत आकांक्षी जिला कटिहार में स्कूली छात्र-छात्राओं को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के लिए 'रोबो शाला' कार्यक्रम की शुरुआत की गई है। इसके अंतर्गत जिले के कुर्सेला में आयोजित विशेष कार्यशाला में विद्यार्थियों को रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और कोडिंग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
कार्यशाला के दौरान बच्चों को रोबोटिक्स किट, 3डी प्रिंटर, आधुनिक सेंसर, साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग व मैथमेटिक्स पर आधारित विभिन्न प्रोजेक्ट्स का प्रत्यक्ष प्रदर्शन कराया गया। स्कूली बच्चों ने केवल सैद्धांतिक जानकारी ही नहीं ली, बल्कि खुद रोबोट का संचालन कर और सेंसर के जरिए लाइट जलाकर विज्ञान के व्यावहारिक प्रयोगों को सीखा।
कार्यक्रम के महत्व पर प्रकाश डालते हुए जिलाधिकारी आशुतोष द्विवेदी ने कहा कि कटिहार जैसे सीमांचल क्षेत्र के बच्चों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। 'रोबो शाला' जैसे नवाचारी अभियानों के जरिए अब सरकारी विद्यालयों के बच्चे भी भविष्य की उन्नत तकनीकों—जैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स और इंटरनेट ऑफ थिंग्स से सीधे जुड़ सकेंगे। उन्होंने कहा कि प्रशासन का लक्ष्य है कि जिले के प्रत्येक प्रखंड में अटल टिंकरिंग लैब की तर्ज पर 'रोबो शाला क्लब' का गठन हो, ताकि बच्चे किताबी ज्ञान से आगे बढ़कर 'डू-इट-योरसेल्फ' (स्वयं करके सीखें) की पद्धति अपनाएं।
डीएम ने आगे बताया कि नीति आयोग के सहयोग से जिले के चयनित विद्यालयों में चरणबद्ध तरीके से रोबो शाला स्थापित की जाएगी। इन केंद्रों पर प्रशिक्षित मेंटर्स के माध्यम से छात्रों को नियमित तकनीकी प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे ग्रामीण परिवेश के छात्र भी भविष्य की डिजिटल चुनौतियों के लिए तैयार हो सकें।
हिन्दुस्थान समाचार / विनोद सिंह

