विधायक ने दिया दही चूड़ा का भोज, पूर्णिया सांसद ने लिया भाग
अररिया, 14 जनवरी(हि.स.)।
फारबिसगंज विधायक मनोज विश्वास की ओर से मकर संक्रांति के मौके पर बुधवार को दही चूड़ा का भोज का आयोजन किया गया, जिसमें विधानसभा के हजारों लोगों के साथ पूर्णिया सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने भाग लिया।
विधायक बनने के बाद पहली बार मनोज विश्वास दही चूड़ा के भोज के बहाने बड़ी संख्या में क्षेत्र की जनता से रूबरू हुए और सबों को मकर संक्रांति की बधाई दी।मौके पर पहुंचे पूर्णिया सांसद राजेश रंजन ने भी आमजनों के साथ दही चूड़ा भोज के सियासत में दही चूड़ा और अन्य व्यंजनों का लुत्फ लिया।
मौके पर पूर्णिया सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने विधायक मनोज विश्वास के संघर्ष का उल्लेख करते हुए भाई और बेटा के रूप में क्षेत्र में काम करने और सुख दुख में भागीदारी करने का विश्वास जताया।
उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति सौहार्द्र, जीवन दर्शन और नूतन जीवन की शुरुआत का समावेश मिश्रण है।आध्यात्मिक,वैज्ञानिक और समाजिक रूप से इस पर्व का महत्व पूरे देश में अलग अलग परंपरा के रूप में है।लोहड़ी,पोंगल,मकर संक्रांति जैसे पर्व परम्पराओं को एक सूत्र में बांधने का काम करते हैं और विधायक मनोज विश्वास ने भी सभी को एक सूत्र में बांधने का काम किया।उन्होंने अपने पुराने दिए गए बयान पर कायम रहते हुए कहा कि सनातन में सामाजिक समरूपता के लिए मठ और मन्दिर में दलित और इबीसी के विद्वानों का स्थान जरूरी है।
उन्होंने नीतीश कुमार की व्यक्तिगत तौर पर प्रशंसा करते हुए कहा कि नीतीश कुमार व्यक्तिगत तौर पर समाजिक न्याय के पुरोधा हैं और उनका वह काफी इज्जत करते हैं।लेकिन भाजपा वाले उनके साथ रहकर उनकी पार्टी में सेंधमारी में लगे हैं।उन्होंने कहा कि कांग्रेस के सभी विधायक एकजुट हैं और कांग्रेस ही एकमात्र ऐसी पार्टी है जो अगड़ा पिछड़ा, हिन्दू मुसलमान, जाति, धर्म, मजहब की राजनीति न करके विकास की राजनीति में विश्वास रखते हैं।
उन्होंने भाजपा और केन्द्र सरकार पर संविधान खत्म करने की दिशा में प्रत्यनशील होने और नौकरी को समाप्त करने का आरोप लगाया।मनरेगा को खत्म करने की बात करते हुए दलित और इबीसी सहित आम आदमी के अधिकार को समाप्त करने का आरोप भाजपा और केन्द्र सरकार पर लगाया।
हिन्दुस्थान समाचार / राहुल कुमार ठाकुर

