भागलपुर में चिकित्सा लापरवाही के आरोप पर अस्पताल में हंगामा, मरीज की मौत के बाद सवा दो लाख के बिल पर घमासान

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भागलपुर में चिकित्सा लापरवाही के आरोप पर अस्पताल में हंगामा, मरीज की मौत के बाद सवा दो लाख के बिल पर घमासान


भागलपुर, 10 सितंबर (हि.स.)। जिले के तिलकामांझी स्थित हीलिंग टच अस्पताल में इलाज के दौरान गुरुवार को एक मरीज की मौत के बाद परिसर में भारी हंगामा और अफरा-तफरी मच गई। मृतक के परिजन ने डॉक्टरों पर इलाज में गंभीर लापरवाही बरतने और शव देने के बदले बकाया भुगतान के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया है, जबकि अस्पताल प्रबंधन ने स्टाफ के साथ मारपीट करने का दावा किया है।

परिजन के अनुसार, जीरो माइल निवासी निर्मल कुमार यादव को बुधवार को बुखार आने के बाद हीलिंग टच अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बुधवार शाम करीब पांच बजे तक निर्मल की स्थिति बिल्कुल ठीक थी। इसके बाद गुरुवार सुबह अचानक उन्हें मरीज की मौत की सूचना दी गई। मौत की खबर मिलते ही रोते-बिलखते परिजन जब अस्पताल पहुंचे और निर्मल से मिलने की मांग करने लगे, तो डॉक्टर और अस्पताल के सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें कथित तौर पर रोक दिया।

परिजन का गंभीर आरोप है कि उनसे पहले बकाया बिल जमा करने को कहा गया। मृतक के परिजन का कहना है कि महज एक दिन के इलाज में वे अस्पताल को करीब सवा दो लाख रुपये का भुगतान कर चुके थे, इसके बावजूद मरीज की मौत के बाद उनके साथ असंवेदनशील व्यवहार किया गया। इसी बात से आक्रोशित होकर परिजन ने अस्पताल के सामने घंटों हंगामा किया। दूसरी ओर, अस्पताल प्रबंधन ने इलाज में किसी भी तरह की कोताही से साफ इनकार किया है।

का कहना है कि डॉक्टरों ने मरीज की जान बचाने का हरसंभव प्रयास किया, लेकिन मरीज की स्थिति अचानक बिगड़ गई। अस्पताल की तरफ से बीच-बचाव करते हुए कहा गया कि हर चीज डॉक्टर के हाथ में नहीं होती। वहीं, स्थिति तब और तनावपूर्ण हो गई जब अस्पताल प्रबंधन ने आरोप लगाया कि हंगामे के दौरान परिजन ने डॉक्टरों और मेडिकल स्टाफ के साथ मारपीट की है।

हंगामे के दौरान परिजन ने मौके पर पहुंची पुलिस की कार्यशैली पर भी नाराजगी जताई और आरोप लगाया कि पुलिस अस्पताल प्रशासन का पक्ष ले रही है। हालांकि, इस संबंध में पुलिस का आधिकारिक पक्ष आना अभी बाकी है। निर्मल कुमार यादव की मौत किन परिस्थितियों में हुई और क्या वाकई इलाज में लापरवाही बरती गई, यह पूरी तरह से मेडिकल रिपोर्ट और निष्पक्ष जांच के बाद ही साफ हो सकेगा। फिलहाल, अस्पताल में भारी तनाव को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रखी जा रही है।

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हिन्दुस्थान समाचार / बिजय शंकर

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