उफनती कोशी नदी में छलांग लगाकर एक मजदूर ने विवाहिता की बचाई जान
सुपौल, 22 जुलाई (हि.स.)। सदर प्रखंड अंतर्गत बसबिट्टी गांव के निकट पूर्वी कोशी तटबंध के स्पर संख्या - 64/95 के पास उफनती कोशी नदी में बह रही एक युवती को समय रहते बचा लिया गया। जल संसाधन विभाग सुपौल के कनीय अभियंता एवं एक मजदूर की सूझबूझ व साहस ने युवती की जान बचा दी, जिसके बाद एक ऐसी कहानी सामने आई जिसने सभी को झकझोर कर रख दिया।
पूर्वी कोशी तटबंध के स्पर संख्या - 64/95 पर रात्रि ड्यूटी पर तैनात कनीय अभियंता चितरंजन कुमार एवं मजदूर सुभाष कुमार ने बताया कि खाना खाने के बाद जैसे ही वे बाहर हाथ धोने निकले, तभी कोशी नदी की ओर से किसी युवती की “बचाओ-बचाओ” की आवाज सुनाई दी। बिना देर किए दोनों टॉर्च लेकर नदी की ओर दौड़े। मजदूर सुभाष कुमार ने अपनी जान की परवाह किए बिना उफनती कोशी नदी में छलांग लगा दी और काफी मशक्कत के बाद युवती को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
बचाई गई युवती ने अपना नाम आशा कुमारी बताया, जो सुपौल सदर प्रखंड के लखनिपट्टी की रहने वाली है। युवती ने बताया कि वह एक युवक से प्रेम करती थी, लेकिन परिजनो को यह रिश्ता मंजूर नहीं था। करीब एक महीने पहले उसकी जबरन शादी दूसरे लड़के से करा दी गई। वह अपने पति के साथ नहीं रहना चाहती थी और अपने प्रेमी के पास जाना चाहती थी।
का आरोप है कि मंगलवार की रात उसके मामा और बहनोई उसे प्रेमी से मिलवाने का झांसा देकर घर से निकले। रास्ते में पिपरा खुर्द के पास कोशी नदी पहुंचने पर दोनों ने उसे नदी में धक्का दे दिया। किसी तरह वह बहते हुए तटबंध के स्पर तक पहुंची और मदद के लिए आवाज लगाने लगी। उस आवाज को सुन स्पर पर तैनात जल संसाधन विभाग के कनीय अभियंता एवं एक मजदूर ने कोशी नदी में छलांग लगा कर पीड़िता की जान बचाई। तत्पश्चात घटना की सूचना कनीय अभियंता चितरंजन कुमार ने तुरंत डायल-112 को दी। मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने युवती को अपने संरक्षण में लिया। डायल-112 में तैनात एएसआई दीपक कुमार सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि एक युवती को कोशी नदी से सुरक्षित निकाला गया है। युवती के आरोपों के आधार पर वरीय अधिकारियों को सूचना दे दिया गया तथा वरीय अधिकारियों के निर्देश पर पूरे मामले की जांच की जा रही है।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र

