बाढ़ का खतरा टला, चेतावनी स्तर से नीचे आई गंगा, कोसी का जलस्तर भी घटा
भागलपुर, 14 अगस्त (हि.स.)। जिले के नवगछिया अनुमंडल में बाढ़ और कटाव के खतरे से जूझ रहे ग्रामीणों के लिए राहत की खबर है। गंगा और कोसी नदी के जलस्तर में शुक्रवार को लगातार कमी दर्ज की गई है।
पिछले 24 घंटों के दौरान इस्माईलपुर-बिंदटोली, राघोपुर, मदरौनी और जेबी चोरहर—इन चारों प्रमुख स्थलों पर नदियों का जलस्तर नीचे गिरा है। जल संसाधन विभाग के अनुसार, क्षेत्र के सभी प्रमुख तटबंध पूरी तरह सुरक्षित और नियंत्रण में हैं। हालांकि, कुछ स्थानों पर नदी का पानी तटबंध के 'टो' (निचले हिस्से) को छू रहा है, जिसे देखते हुए संवेदनशील बिंदुओं पर 24 घंटे विशेष निगरानी रखी जा रही है।
इस्माईलपुर-बिंदटोली स्पर संख्या-7 पर सुबह 6:00 बजे गंगा का जलस्तर 30.57 मीटर दर्ज किया गया, जो 24 घंटे में 6 सेंटीमीटर कम है। यह जलस्तर चेतावनी स्तर (30.60 मीटर) से 3 सेंटीमीटर नीचे आ गया है। राघोपुर काजीकोरैया-राघोपुर मार्जिनल बांध पर गंगा का जलस्तर 31.53 मीटर दर्ज हुआ, जो 24 घंटे में 7 सेंटीमीटर घटा है। यह चेतावनी स्तर से 1.15 मीटर नीचे है। वहीं कोसी नदी के बहाव क्षेत्र में भी जलस्तर का रुख नीचे की ओर है।
मदरौनी में कोसी का जलस्तर 30.16 मीटर रहा, जिसमें 24 घंटे के भीतर 3 सेंटीमीटर की कमी आई है। जेबी चोरहर बागजान जमींदारी बांध पर जलस्तर 30.80 मीटर दर्ज किया गया। यह स्तर चेतावनी निशान से महज 3 सेंटीमीटर ऊपर है।
चारों स्थलों के आधिकारिक आंकड़ों से स्पष्ट है कि गंगा और कोसी नदियों में जलस्तर घटने का रुझान जारी है। जल संसाधन विभाग के अभियंता और तकनीकी टीम तटबंधों, स्परों और संवेदनशील स्लोप पर लगातार गश्त कर रहे हैं, ताकि किसी भी संभावित कटाव या खतरे से तुरंत निपटा जा सके।
हिन्दुस्थान समाचार / बिजय शंकर

